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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 19, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

बिहार विधानसभा के बाहर भाजपा विधायकों का प्रदर्शन, गिरिराज सिंह बोले- सिर्फ नीतीश कुमार को नहीं दिखती शराब

By Jagran NewsEdited By: Aditi Choudhary
Published: Mon, 19 Dec 2022 01:02 PM (GMT+05:30)

बिहार में शराबबंदी के दावे और जहरीली शराब से हो रही मौतों को लेकर भाजपा लगातार नीतीश कुमार की सरकार ...और पढ़ें

बिहार विधानसभा के बाहर भाजपा विधायकों का प्रदर्शन, गिरिराज सिंह बोले- सिर्फ नीतीश कुमार को नहीं दिखती शराब
बिहार विधानसभा के बाहर भाजपा विधायकों का प्रदर्शन, गिरिराज सिंह बोले- सिर्फ नीतीश कुमार को नहीं दिखती शराब

पटना, जागरण संवाददाता। बिहार विधानसभा के पांचवे और आखिरी दिन भाजपा विधायकों ने नीतीश कुमार सरकार की शराबबंदी नीति के खिलाफ बिहार विधानसभा के बाहर पोस्टर दिखाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। पोस्टर पर सरकार पस्त, अपराधी मस्त जैसे कई नारे लिखे हुए थे। भाजपा विधायकों ने नीतीश कुमार से सारण में जहरीली शराब पीकर जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को मुआवजा राशि देने की मांग की। वहीं, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने भी नीतीश कुमार पर शराबबंदी को लेकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि बिहार में शराब वो चीज हो गई है जो नीतीश कुमार को दिखाई नहीं देती पर हर जगह है।

समाचार एजेंसी से बात करते हुए केंद्रीय मंत्री गिरीराज सिंह ने दिल्ली में कहा कि कोई नीति सफल न हो तो उसपर पुनर्विचार करने की जरूरत है। आज बिहार में शराब हर जगह बन रही है, बिक्री हो रही है। सबको दिखती है। सिर्फ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ही नहीं दिखाई देती है। नीतीश कुमार को शराब नीति पर पुनर्विचार करने की जरूरत है।

कार्यवाही के दौरान भाजपा का हंगामा रहा जारी 

वहीं, सोमवार को सदन के अंदर सत्र शुरू होते ही सारण शराबकांड का मुद्दा उठा। करीब 11.35 बजे तक विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी ने सदन की कार्यवाही चलाई। विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी के आदेश पर एक तरफ जहां नेता प्रतिपक्ष विजय सिन्हा सारण में शराब से मौतों के मामले की न्यायिक जांच कराने की मांग को लेकर अपनी बात रख रहे थे, तो दूसरी तरफ भाजपा का हंगामा जारी रहा।

विधानसभा अध्यक्ष ने भाजपा के रवैये पर जताई नाराजगी

हंगामे के बीच विधानसभा की कार्यवाही 2 बजे तक स्थगित कर दी गई है। विधानसभा अध्यक्ष ने सदन में भाजपा विधायकों के रवैये को लेकर नाराजगी भी जताई। उल्लेखनीय है कि बिहार विधानमंडल शीतकालीन सत्र के आखिरी दिन ब्रेक के बाद सार्वजनिक हित के विषय पर संकल्प लिए जाएंगे और अंत में विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी का समापन भाषण होगा।

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