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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar Politics : 2019 लोकसभा चुनाव में 14 सीट पर जदयू से हारी थीं राजद-कांग्रेस, इस बार इन सीटों पर कौन लड़ेगा

By Edited By: Yogesh Sahu
Published: Mon, 04 Sep 2023 02:36 PM (IST)

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2019 लोकसभा चुनाव में 14 सीट पर जदयू से हारी थीं राजद-कांग्रेस, इस बार इन सीटों पर कौन लड़ेगा
2019 लोकसभा चुनाव में 14 सीट पर जदयू से हारी थीं राजद-कांग्रेस, इस बार इन सीटों पर कौन लड़ेगा

HighLights

  1. वर्ष 2019 के आम चुनाव से इस बार स्थिति पूरी तरह से अलग है
  2. सीट शेयरिंग में सीटिंग-गेटिंग का फार्मूला चला तो कुछ नेताओं को घर बैठना होगा

भुवनेश्वर वात्स्यायन, पटना। महागठबंधन के दलों के बीच 2024 के लोकसभा चुनाव को ले सीट के बंटवारे पर इस माह सहमति बन सकती है।

महागठबंधन के दो प्रमुख दल जदयू और राजद के शीर्ष नेताओं ने स्पष्ट कहा है कि सीट शेयरिंग का फार्मूला आसानी से तय हो जाएगा। वर्ष 2019 के आम चुनाव से इस बार स्थिति पूरी तरह से भिन्न है।

महागठबंधन की 14 लोकसभा सीटें इस श्रेणी की हैं, जहां जदयू के प्रत्याशी ने आठ सीटों पर राजद के प्रत्याशी व छह सीटों पर कांग्रेस के प्रत्याशी को सीधे मुकाबले में हराया था।

अगर सीट शेयरिंग में सीटिंग-गेटिंग का फार्मूला चला तो फिर 2019 में जो दूसरे नंबर रहे उन्हें घर बैठना पड़ेगा।

कुछ सीटों पर बहुत माथापच्ची नहीं

महागठबंधन के नेताओं का कहना है कि कुछ सीटों पर बहुत माथापच्ची की स्थिति नहीं आएगी। पहले नंबर पर मुंगेर लोकसभा सीट है।

जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह वहां से एमपी हैं। पिछली बार कांग्रेस की उम्मीदवार नीलम देवी उनके सामने थीं। अब वह राजद से मोकामा से विधायक हैं।

मधेपुरा की सीट भी इसी श्रेणी में हैं। शरद यादव अब हैं नहीं। जदयू प्रत्याशी ने तब उन्हें हराया था। सीतामढ़ी में भी मामला सहज दिख रहा।

वाल्मीकिनगर सीट को जदयू अपनी परंपरागत सीट मानता रहा है। सुपौल में भी अब कांग्रेस की रंजीता रंजन की दावेदारी नहीं रही। वह राज्यसभा सदस्य हैं।

2019 के आम चुनाव में जदयू ने जहां से राजद प्रत्याशी को हराया

  • झंझारपुर में जदयू के रामप्रीत मंडल जीते, दूसरे नंबर पर राजद के गुलाब यादव थे।
  • मधेपुरा से जदयू के दिनेश चंद्र यादव ने राजद के शरद यादव की हराया।
  • गोपालगंज से जदयू के डा. आलोक कुमार सुमन ने राजद के सुरेंद्र राम को हराया।
  • सिवान से जदयू की कविता सिंह ने राजद की हिना शहाब को हराया।
  • भागलपुर से जदयू के अजय मंडल ने राजद के बुलो मंडल को पराजित किया।
  • बांका से जदयू के गिरधारी यादव ने राजद के जयप्रकाश नारायण यादव को हराया।
  • जहानाबाद से चंद्रेश्वर चंद्रवंशी ने राजद के सुरेंद्र यादव को हराया।
  • सीतामढ़ी से जदयू के सुनील कुमार पिंटू ने राजद के अर्जुन राय को हराया

जदयू ने जहां कांग्रेस के प्रत्याशी को सीधे मुकाबले में हराया

  • मुंगेर से जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने कांग्रेस की नीलम देवी को हराया।
  • वाल्मीकिनगर की सीट पर बैद्यनाथ महतो (अब दिवंगत) ने कांग्रेस के शाश्वत केदार को हराया था।
  • सुपौल में जदयू के दिलेश्वर कामत ने कांग्रेस की रंजीता रंजन को हराया था।
  • किशनगंज में महमूद अशरफ ने कांग्रेस के मो. जावेद को हराया था।
  • कटिहार में जदयू के दुलालचंद गोस्वामी ने कांग्रेस के तारिक अनवर को हराया था।
  • पूर्णिया में संतोष कुशवाहा ने कांग्रेस के उदय सिंह को हराया था।

इन सीटों को लेकर हो सकती है माथापच्ची

जिन सीटों पर महागठबंधन में माथापच्ची की स्थिति है उनमें सबसे पहले नंबर पर जहानाबाद है। वहां पिछली बार नया सामाजिक प्रयोग किया था जदयू ने।

बहुत कम मतों के अंतर से जदयू को सीट मिली थी। बांका की सीट पर भी माथापच्ची संभव है। कटिहार भी इसी श्रेणी में है।