यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 28, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar News: शहर की सड़कों पर फिर दौड़ सकते हैं डीजल इंजन ऑटो, सभी दिक्कतें बताते हुए परिवहन विभाग को भेजा गया प्रस्ताव
Muzaffarnagar News शहर की सड़कों पर एक बार फिर डीजल इंजन ऑटो देखने को मिल सकते हैं। एक अक्टूबर से ...और पढ़ें

HighLights
- क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार ने परिवहन विभाग के प्रधान सचिव को भेजा प्रस्ताव
- डीजल इंजन बंद होने से तय संख्या से काफी कम चल रहे सीएनजी ऑटो
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। शहर की सड़कों पर एक बार फिर डीजल इंजन ऑटो का परिचालन शुरू हो सकता है। क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार ने इस संबंध में परिवहन विभाग के प्रधान सचिव को प्रस्ताव भेजा है। इसको मंजूरी मिल गई तो एक बार फिर से परिचालन शुरू हो सकता है।
जानकारी के अनुसार, भेजे गए प्रस्ताव में डीजल इंजन ऑटो को छह माह तक परिचालन की अनुमति देने का अनुरोध किया गया है। मुजफ्फरपुर ऑटो रिक्शा कर्मचारी संघ ने क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार, जिलाधिकारी व जिला परिवहन पदाधिकारी को ऑटो बंद होने से हो रही समस्याओं से अवगत कराया था।
मोहलत देने की मांग
संघ के अध्यक्ष एआर अन्नू व महासचिव मो. इलियास इलू ने अधिकारियों को बताया था कि डीजल इंजन ऑटो का परिचालन बंद होने से काफी परिवारों के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। कई लोगों ने बैंक से ऋण लेकर ऑटो खरीदा था। इससे बैंकों का कर्ज चालकों पर है।
परिचालन बंद होने से बैंक की किस्त जमा नहीं कर पा रहे हैं। साथ ही संघ ने इससे हो रहीं अन्य समस्याएं भी बताते हुए मोहलत देने की मांग की थी। संघ के अध्यक्ष व महासचिव ने कहा कि प्रधान सचिव से मिलकर भी समस्या से अवगत कराया गया था। प्रधान सचिव ने जल्द ही इस पर सकारात्मक पहल के संकेत दिए हैं।
प्रशासन ने बंद किया डीजल इंजन ऑटो का परिचालन
विदित हो कि शहर की सड़कों पर एक अक्टूबर से डीजल इंजन तीन पहिया वाहनों का परिचालन बंद कर दिया गया है। इस कारण शहर में तय संख्या से काफी कम सीएनजी ऑटो चल रहे हैं। 15 रूटों के लिए 960 सीएनजी ऑटो के परिचालन की प्रशासन ने अनुमति दी है।
इनमें से कई रूटों पर एक भी ऑटो का परिचालन नहीं हो रहा है। सभी रूटों पर इनकी संख्या तय की गई है, लेकिन इन रूटों पर मात्र 200 ऑटो का ही परिचालन शुरू हो सका है। कई रूटों पर इसका परिचालन अभी शुरू नहीं हो सका है। अधिकतर रूटों पर निर्धारित संख्या से काफी कम आटो चल रहे हैं।
15 रूटों पर संख्या के अनुसार सीएनजी ऑटो को परमिट दिया जा रहा है। परमिट के लिए आवेदन आ रहे हैं। चालकों की पसंद के रूट पर परमिट देने को प्राथमिकता दी जा रही है। - सुशील कुमार, डीटीओ
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