यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 07, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मुकेश सहनी का 20 से पहले हो जाएगा हिसाब-किताब.. भाजपा के वरीय नेता ने दिए संकेत
BJP-VIP Controversy यूपी में चुनाव प्रचार का काम संपन्न होने के बाद बिहार के राजनेता लौट आए हैं। सूबे की ...और पढ़ें

मुजफ्फरपुर, [अमरेंद्र तिवारी]। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव (UP Chunav 2022) अंतिम चरण में पहुंचने के साथ ही बिहार का राजनीतिक (Bihar Poliitcs) तापमान तेजी से बढ़ने लगा है। एक ओर जहां बिहार एमएलसी चुनाव 2022 (Bihar MLC elections 2022)की सरगर्मी तेज हो गई है वहीं यूपी चुनाव का आफ्टर इफेक्ट भी यहां देखने को मिल रहा है। विशेषकर सीएम नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar)के मंत्री मुकेश सहनी (Mukesh Sahni) की पार्टी वीआइपी (VIP) व भाजपा (BJP) के बीच जारी विवाद का। माना जा रहा है कि अब यह विवाद भी अपने परिणाम की ओर ही बढ़ रहा है। बीजेपी के एक वरीय नेता ने इस दिशा में संकेत भी दिए हैं। एक निजी समाचार चैनल से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि 20 मार्च से पहले ही पार्टी उनके बारे में फैसला ले लेगी। इसका स्वरूप क्या होगा, इसके बारे में उन्होंने कुछ भी नहीं कहा।
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कांग्रेस का कोई नाम लेने वाला नहीं बचेगा
उत्तर प्रदेश चुनाव में अपने-अपने दलों के लिए प्रचार करने के बाद बिहार के राजनेता अब वापस आ गए हैं। यहां पहुंचने के साथ ही बयानों का दौर शुरू हो गया है। बिहार भाजपा के उपाध्यक्ष और मुजफ्फरपुर के सांसद अजय निषाद एक बार फिर मुखर हो गए हैं। इस बार उन्होंने वीआइपी के साथ ही साथ कांग्रेस पर भी निशाना साधा है। उन्होंने बिहार और बिहारी को लेकर कांग्रेस के विभिन्न नेताओं की ओर से दिए जा रहे बयानों को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है। साथ ही कहा है कि इन्हीं वजह से पार्टी दिन ब दिन मिट्टी में मिलती जा रही है। पहले पंजाब के सीएम चन्नी और अब तेलंगाना के कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष रेवंत रेड्डी की ओर से दिए गए बयान को गलत बताया। कहा, इस तरह तो कांग्रेस खत्म हो जाएगी। ये लोग अपनी जड़ खुद ही खोद रहे हैं। अब बिहार में कांग्रेस क्या मुंह लेकर जनता के बीच जाएगी? यदि इसी तरह से भेदभाव का काम करते रहे तो उनका कोई नाम लेने वाला भी नहीं बचेगा।

मुकेश सहनी का हिसाब-किताब
मुजफ्फरपुर सांसद अजय निषाद ने बिहार सरकार में सहयोगी वीआइपी और उसके प्रमुख मुकेश सहनी के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि यूपी चुनाव के दौरान उन्होंने बहुत गलत किया। हालांकि इसका योगी आदित्यनाथ की सरकार की सेहत पर कोई प्रभाव नहीं पड़ने वाला है। हमलोग 300 से अधिक सीटों के साथ सरकार बना रहे हैं, लेकिन अब उनका हिसाब किताब जरूर हो जाएगा और वह भी 20 मार्च से पहले। यूपी चुनाव के दौरान भाजपा को हराने के लिए दिए जा रहे विज्ञापन के बारे में उन्होंने कहा कि पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को इसकी जानकारी है। अब इस पर फैसला लेने का समय भी आ रहा है। उन्होंने दोहराया के भाजपा ने उनके लिए बहुत कुछ किया, लेकिन उनकी राजनीति का स्तर अब जनता के सामने है।
