विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar News: मुजफ्फरपुर में जातीय उन्माद फैलाना चाहता था गोल्डन! वॉट्सऐप ग्रुप के जरिए रची थी साजिश

Published: Tue, 20 Aug 2024 12:24 PM (IST)

खुद को बहुजन आर्मी का प्रदेश अध्यक्ष बताकर मुजफ्फरपुर में जातीय उन्माद फैलाने की कोशिश करने वाला गोल्डन दास समर्थकों ...और पढ़ें

पारू के गोपालपुर गांव में कैंप करते सुरक्षा बल।
पारू के गोपालपुर गांव में कैंप करते सुरक्षा बल।

HighLights

  1. जातीय उन्माद, हिंसा और तनाव फैलाने पहुंचा था गोल्डन
  2. औरंगाबाद के गोल्डन ने ली थी किराए की स्कॉर्पियो-इनोवा
  3. पुलिस ने एक गाड़ी समेत समर्थकों की 38 बाइक जब्त की

जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। मुजफ्फरपुर में किशोरी की हत्या के बाद जातीय उन्माद, हिंसा फैलाने व तनाव उत्पन्न करने के लिए औरंगाबाद का गोल्डन दास किराये की फॉर्च्यूनर व इनोवा गाड़ी से समर्थकों संग पारू के गोपालपुर लालू छपरा गांव पहुंचा था।

गोल्डन ने दोनों गाड़ियां औरंगाबाद से किराये पर ली थीं। उसका मकसद अपने समर्थकों पर रौब दिखाना था। पुलिस ने फॉर्च्यूनर व गोल्डन के समर्थकों की 38 बाइक जब्त कर ली है। हालांकि, इनोवा को उसका चालक भगा ले गया।

जब्त किए गए सभी बाइक के मालिक की पहचान करने के लिए जिला परिवहन पदाधिकारी से संपर्क किया गया है। इसके बाद सभी को आरोपित बनाया जाएगा।

रविवार को उपद्रव मचाने में गिरफ्तार औरंगाबाद जिले के गोल्डन दास सहित उसके 16 समर्थकों को सोमवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।

जेल भेजे गए गोल्डन के समर्थकों की लिस्ट

जेल भेज गए अन्य में जहानाबाद के मोहीउदीनपुर गांव के रामानंद दास, वैशाली के मधुसूदन पकड़ी गांव के रंजीत कुमार, सलेमपुर गांव के मंतोष कुमार, सारण के मधवल गांव के राजू कुमार, गया के राजेंद्र आश्रम कोर्ट के बगल के निवासी अरुण शामिल हैं।

इसके अलावा, मुजफ्फरपुर जिले के भोजपट्टी गांव के ज्योति दास रत्नाकर, जलीलनगर गांव के अजय राम, काजीमोहम्मदपुर गांव के सिकंदर कुमार, शीशवनिया गांव के नागेश्वर राम, कांटी थाना के राजन कुमार, रिकास कुमार, मोतीपुर थाना के बथनाहां गांव के संतोष कुमार, कथैया थाना के कुरिया कथैया गांव के विकास कुमार, सरैया थाना के दातापुर गांव के अरविंद कुमार व डोकरा गांव के बिट्टू कुमार शामिल हैं।

वॉट्सऐप ग्रुप बना जुटाए थे 67 हजार रुपये

एसएसपी ने बताया कि गोल्डन ने वॉट्सऐप ग्रुप बनाकर उसमें अपने बैंक खाते से संबद्ध एक क्यूआर कोड पोस्ट किया था।

किशोरी को न्याय दिलाने के नाम पर इसके माध्यम से 67 हजार रुपये जमा किए थे। इसमें साढ़े सात हजार में फॉर्च्यूनर व इनोवा को किराये पर लिया था।

गोल्डन खुद को बहुजन आर्मी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बता रहा था। जब उससे इसके पंजीयन नंबर की मांग की, तो बताया कि कहीं पंजीकृत नहीं है।

गोल्डन के खिलाफ दर्ज हैं 10 मामले

गोल्डन के विरुद्ध औरंगाबाद व गया में 10 मामले दर्ज हैं। इसमें उपद्रव फैलाने, मारपीट, जानलेवा हमला व अन्य आरोप हैं।

मामला दर्ज होने व गिरफ्तारी के बाद गोल्डन पुलिस अधिकारियों व अन्य को बदनाम करने की साजिश रचता था। फर्जी आरोप लगाता था। थानाध्यक्षों व अन्य पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध अनाप-शनाप वक्तव्य जारी करता था।

यह भी पढ़ें: Muzaffarpur News: किशोरी की हत्या के विरोध में भीम आर्मी का उत्पात, आरोपी के गांव पर बोला हमला, दारोगा को पीटा

Muzaffarpur News: किशोरी की हत्या के मामले में पुलिस का बड़ा एक्शन, फरार आरोपित के घर पर चलाया बुलडोजर