पीएम सुरक्षित मातृत्व अभियान में लापरवाही, लखीसराय सदर अस्पताल में डॉक्टर समेत छह से जवाब तलब
लखीसराय सदर अस्पताल में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत एएनसी जांच के दौरान एक डॉक्टर और पांच स्वास्थ्यकर्मी बिना सूचना के अनुपस्थित पाए गए।

एआई द्वारा जनरेट की गई सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
लखीसराय सदर अस्पताल में एएनसी जांच के दौरान बड़ी लापरवाही।
एक डॉक्टर और पांच स्वास्थ्यकर्मी बिना सूचना के अनुपस्थित पाए गए।
उपाधीक्षक ने वेतन रोका, अनुपस्थित कर्मियों से स्पष्टीकरण मांगा।
संस, जागरण, लखीसराय। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत गत गुरुवार को लखीसराय सदर अस्पताल के पीकू (PICU) वार्ड में आयोजित एएनसी (ANC - Antenatal Care) जांच के दौरान बड़ी लापरवाही सामने आई है।
इस महत्वपूर्ण स्वास्थ्य अभियान से एक चिकित्सक और पांच स्वास्थ्य कर्मी बिना किसी पूर्व सूचना के नदारद रहे। कर्मचारियों के गायब रहने के कारण अस्पताल पहुँची गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
इस गंभीर लापरवाही को संज्ञान में लेते हुए सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. कुमार अमित ने सख्त रुख अपनाया है और अनुपस्थित पाए गए सभी कर्मियों के खिलाफ कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है।
इन चिकित्सकों और कर्मियों से मांगा गया स्पष्टीकरण
लापरवाही बरतने और बिना सूचना ड्यूटी से अनुपस्थित रहने के आरोप में उपाधीक्षक ने निम्नलिखित कर्मियों से स्पष्टीकरण (Show Cause) तलब किया है।
डॉ. नाजरा खातून (चिकित्सक)
वीणा कुमारी (जीएनएम)
प्रियंका सिंहा (जीएनएम)
पूजा कुमारी (एक्स-रे टेक्नीशियन)
राधा कुमारी (डाटा ऑपरेटर)
सोनी कुमारी प्रथम व सोनी कुमारी द्वितीय (ममता कार्यकर्ता)
रोका गया वेतन, प्रशासनिक हलकों में मचा हड़कंप
गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़े राष्ट्रीय अभियान में इस प्रकार की गैर-जिम्मेदाराना अनुपस्थिति को गंभीरता से लेते हुए अस्पताल उपाधीक्षक ने सभी संबंधित अनुपस्थित कर्मियों का 15 सितंबर 2026 का वेतन भी तत्काल प्रभाव से अवरुद्ध (Withhold) कर दिया है।
इस सख्त कार्रवाई के बाद जिले के स्वास्थ्य महकमे और अन्य कर्मियों में हड़कंप मच गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विभागीय कार्यों और मरीजों की सेवाओं में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कार्रवाई से संबंधित विवरण
| विवरण | प्रशासनिक कार्रवाई / तथ्य |
| स्थान | पीकू वार्ड, सदर अस्पताल, लखीसराय |
| अभियान | प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (एएनसी जांच) |
| दोषी कर्मी | 1 चिकित्सक और 5 स्वास्थ्य/तकनीकी कर्मी (कुल 6+1) |
| की गई कार्रवाई | स्पष्टीकरण मांगना तथा 15 सितंबर 2026 का वेतन अवरुद्ध करना |
| कार्रवाई करने वाले अधिकारी | डॉ. कुमार अमित, उपाधीक्षक, सदर अस्पताल |
यह भी पढ़ें- मिट्टी की सेहत से जुड़ेगी खेती की सफलता, लखीसराय में डॉ. अनिल जोशी ने किसानों को बताया प्रकृति का महत्व
यह भी पढ़ें- लखीसराय में मनरेगा के 90% से अधिक मजदूरों का ई-केवाईसी बाकी, सत्यापन में पिपरिया सबसे पीछे
"प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लाचारी या बिना सूचना अनुपस्थिति स्वीकार्य नहीं है। गर्भवतियों की जांच में बाधा पहुँचाने वाले कर्मियों का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया है।"
— डॉ. कुमार अमित, उपाधीक्षक, सदर अस्पताल, लखीसराय
