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    रात का समय और गहरी नींद, अचानक चारपाई के नीचे से आ गई 'मौत'; मचा कोहराम

    रामगढ़ जिले के सदुल्लहपुर गांव में एक दुखद घटना घटी जहां मंगलवार की रात सर्पदंश से एक चाचा-भतीजे की मौत हो गई। रोहन बिंद नाम का चार वर्षीय छात्र और उसके चाचा रघुपति बिंद (32 वर्ष) की विषैले सांप के काटने से जान चली गई। इस घटना से गांव में शोक का माहौल है। जिले में इस वर्ष सर्पदंश से अब तक आधा दर्जन लोगों की मौत हो गई है।

    By Pramod Tiwari Edited By: Rajat Mourya Updated: Wed, 11 Sep 2024 04:51 PM (IST)
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    सदुल्लहपुर गांव में सर्पदंश से चाचा-भतीजे की मौत, गांव में पसरा मातम

    संवाद सूत्र, रामगढ़। थाना क्षेत्र के सदुल्लहपुर गांव में मंगलवार की रात सर्पदंश से चाचा-भतीजा की मौत हो गई। दोनों एक ही परिवार के सदस्य बताए जाते हैं। जिसमें रोहन बिंद कक्षा चार का छात्र बताया जाता है। जो बेचू बिंद का इकलौता पुत्र था।

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    दूसरा पट्टीदार के चाचा रघुपति बिंद 32 वर्ष की मौत हो गई। जो कमला बिंद के पुत्र बताए जाते हैं। दोनों चाचा भतीजा की सर्पदंश से मौत होने से गांव में मातम पसर गया है।

    चारपाई के नीचे से आई 'मौत'

    मिली जानकारी के अनुसार, बेचू बिंद का इकलौता पुत्र सदुल्लहपुर विद्यालय में कक्षा चार में पढ़ता था। वह खाना खाने के बाद अपने घर में चारपाई पर सोया हुआ था। तभी विषैले सांप ने उसे डस लिया। जिससे छात्र की मौके पर ही मौत हो गई।

    इसी क्रम में दूसरे घर में सो रहे रघुपति बिंद को भी सांप ने डसा। डसने के बाद सांप को लोगों ने देखा ताे हो हल्ला मचाना शुरू कर दिए। तबतक सांप गायब हो गया। रघुपति की हालत बिगड़ते देख ढाई बजे रात में ही लोग भभुआ सदर अस्पताल गए। चिकित्सकों ने इलाज भी किया। सुबह छह बजे तक पेट दर्द व जलन कम नहीं होते देख चिकित्सकों ने बनारस के लिए रेफर कर दिया।

    जैसे ही लोग लेकर बीएचयू इमरजेंसी में पहुंचे उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। इकलौता पुत्र की मौत होने से घर के लोगों पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। माता-पिता बेसुध पड़े हैं। गांव के लोग ढांढस बंधाने के लिए घर पहुंच रहे हैं।

    बता दें कि जिले में इस वर्ष सर्पदंश से अब तक आधा दर्जन लोगों की मौत हो गई है, जबकि आधा दर्जन से अधिक लोग सर्पदंश का शिकार हुए हैं।