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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 05, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar Politics: गोपालगंज में राजद ने नियुक्त किए सबसे अधिक बीएलए, कांग्रेस का नहीं खुला खाता

Published: Fri, 05 Sep 2025 03:28 PM (IST)

गोपालगंज में बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारी चल रही है पर राजनीतिक दलों की सुस्ती बरकरार है। कांग्रेस बसपा ...और पढ़ें

गोपालगंज में राजद ने नियुक्त किए सबसे अधिक बीएलए, कांग्रेस का नहीं खुला खाता
गोपालगंज में राजद ने नियुक्त किए सबसे अधिक बीएलए, कांग्रेस का नहीं खुला खाता

HighLights

  1. चुनाव की तैयारी धीमी, दलों में सुस्ती
  2. कांग्रेस का बीएलए नियुक्ति में खाता नहीं खुला
  3. राजद ने सबसे अधिक बीएलए नियुक्त किए

जागरण संवाददाता, गोपालगंज। जिले में आगामी बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 को लेकर प्रशासनिक तैयारियां जोरों पर हैं, लेकिन राजनीतिक दलों की सुस्ती अब भी बनी हुई है। इसका उदाहरण है मतदान केंद्र स्तर पर बीएलए (बूथ लेवल एजेंट) की नियुक्ति, जिसमें कोई भी दल अब तक शत-प्रतिशत लक्ष्य नहीं छू सका है।

खास बात यह है कि कांग्रेस ने अब तक एक भी बीएलए नियुक्त नहीं किया है, जिससे उसका खाता भी नहीं खुला है। बसपा तथा वामपंथी दलों की ओर से भी एक भी बीएलए अब तक तैनात नहीं किया जा सका है।

जानकारी के अनुसार, जिले के छह विधानसभा क्षेत्रों में कुल 2373 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इन मतदान केंद्रों पर बीएलए की नियुक्ति के लिए निर्वाचन कार्यालय की ओर से बार-बार निर्देश दिए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी स्थिति उत्साहजनक नहीं है।

आंकड़ों के अनुसार, राजद ने अब तक 1979 बूथों पर बीएलए की नियुक्ति की है, जो सर्वाधिक है। इसी प्रकार भाजपा ने 1547 तथा जदयू की ओर से 1107 बूथों पर बीएलए तैनाती की गई है। कांग्रेस की ओर से अब तक एक भी बीएलए की सूची नहीं सौंपी गई है। यही स्थिति बहुजन समाज पार्टी तथा वामपंथी दलों की भी भी है।

महत्वपूर्ण होती है मतदान केंद्रों पर बीएलए की भूमिका

बीएलए की भूमिका किसी भी चुनाव प्रक्रिया में अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। ये एजेंट मतदाता सूची में नामों की शुद्धता सुनिश्चित करने में ईसीआई (भारत निर्वाचन आयोग) के स्थानीय सहयोगी के रूप में कार्य करते हैं। मतदान के दिन बीएलए मतदाताओं की पहचान, सत्यापन और मतदान प्रक्रिया में सहयोग करते हैं।

जिला प्रशासन का कहना है कि शत-प्रतिशत बीएलए की नियुक्ति से मतदाता सूची की त्रुटियों में कमी और मतदाताओं को बेहतर सुविधा सुनिश्चित की जा सकती है। जिला निर्वाचन कार्यालय से जुड़े अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, बार-बार के निर्देशों के बावजूद अधिकतर दल गंभीर नहीं दिख रहे हैं। इससे चुनावी पारदर्शिता पर असर पड़ सकता है।

विधानसभा वार मतदान केंद्र व दलगत बीएलओ का आंकड़ा

विस क्षेत्र मतदान केंद्र बीएलए भाजपा बीएलए राजद बीएलए जदयू
बैकुंठपुर 390 332 333 281
बरौली 364 316 300 151
गोपालगंज 397 289 328 112
कुचायकोट 410 256 343 135
भोरे (सुरक्षित) 426 219 367 111
हथुआ 386 135 308 317
कुल 2373 1547 1979 1107

क्या कहते हैं अधिकारी?

सभी राजनीतिक दलों को प्रत्येक मतदान केंद्र पर बीएलए नियुक्त करने के लिए कहा जा रहा है। इसके बाद भी अभी तक सभी मतदान केंद्रों पर किसी भी राजनीतिक दल की ओर से बीएलए नियुक्त नहीं किया गया है। - डॉ. शशिप्रकाश राय, उप निर्वाचन पदाधिकारी