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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 18, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

रेलवे फाटकों की अहमियत दरकिनार, एक ही दिन दो लोगों ने गंवाई जान, फिर भी लोग बन रहे अंजान, इन्हें नहीं मौत का खौफ

By Naman KumarEdited By: Aysha Sheikh
Published: Mon, 18 Dec 2023 02:49 PM (IST)

Train News अकबरनगर में रेल मार्ग पर लोग इस तरह से ट्रेक को पार कर रहे हैं जैसे कि उन्हें ...और पढ़ें

रेलवे फाटकों की अहमियत दरकिनार, एक ही दिन दो लोगों ने गंवाई जान, फिर भी लोग बन रहे अंजान
रेलवे फाटकों की अहमियत दरकिनार, एक ही दिन दो लोगों ने गंवाई जान, फिर भी लोग बन रहे अंजान

संवाद सूत्र, अकबरनगर। अकबरनगर में रेल मार्ग पर सुरक्षा के लिए बनाए गए रेलवे फाटकों की अहमियत लगातार दरकिनार की जा रही है। रेल हादसों में वृद्धि होने के बाद भी लोग जान की परवाह किए बगैर पटरी पार कर रहे है। वहीं फाटक बंद होने के बावजूद दोपहिया वाहन चालक, स्कूली बच्चे भी नियमों का उल्लंघन कर रेलवे ट्रैक को पार कर गुजर रहे हैं।

रेलवे स्टेशन पर एक से दूसरे प्लेटफार्म पर जाने वाले यात्री भी नियमों को तोड़ रहे हैं। और जिम्मेदार अफसर अंजान बने हैं। कारवाई नहीं होने से लोगों में इसका तनिक खौफ नहीं है। अकबरनगर के पूर्वी व पश्चिमी रेलवे फाटक पर आए दिन नियमों की अनदेखी के मामले सामने आते हैं।

फाटक बंद होने पर दोपहिया वाहनों के चालक जल्दबाजी में जान जोखिम में डालकर बंद फाटक के नीचे से ही बाइक को निकालकर रेलवे ट्रैक पार करते हैं। अपनी जान के साथ ही नियमों को ताक पर रख रहे हैं। आम यात्री भी एक से दूसरे प्लेटफार्म पर जाने के लिए ओवरब्रिज के प्रयोग से दूर ट्रैक को पार कर गुजर रहे हैं। रेलवे स्टेशन पर तैनात आरपीएफ व जीआरपी स्टाफ इन सबसे अंजान बना है।

एक ही दिन दो लोगों ने गंवाई जान

रेलवे स्टेशन पर आए दिन हो रहे हादसों के बावजूद रेल यात्री नियमों को तोड़ने से बाज नहीं आ रहे है। जिससे हादसों का सिलसिला लगातार जारी है। जब भी कोई ट्रेन आती है तो उस समय दर्जनों की संख्या में यात्री सीधे ट्रैक को पार कर आते जाते है। इस प्रयास में वे हादसों का शिकार भी हो जाते है।

मंगलवार को सुबह एक ही दिन दो लोगों की ट्रेन की चपेट में आकर मौत हुई थी। इसके बावजूद इसके रोजाना सैकड़ों लोग रेलवे ओवरब्रिज का इस्तेमाल न कर शॉर्टकट के प्रयास में अवैध रूप से रेलवे ट्रैक को पार कर रहे हैं। बुधवार को भी बच्चे, युवा एवं महिलाएं रेलवे ट्रैक पार करते दिखे।

रेलवे के जागरुकता का लोगों पर असर नहीं 

स्टेशन पर हर दिन ट्रेन के पायदान और गेट सफर नहीं करने के लिए उद्घोषणा की जाती है। यात्रियों से रेलवे ट्रैक पार नहीं करने की अपील की जाती है। हमेशा एक दूसरे प्लेटफॉर्म पर जाने के लिए फुट ओवर ब्रिज का इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है। इसके बाद भी यात्री ध्यान नहीं देते हैं।

जागरुकता का इन लोगों पर कोई खास असर नहीं होता है। स्टेशन प्रबंधक का कहना है कि लोगों में जागरुकता की कमी है। लोग शॉर्टकट के चक्कर में पटरी पार करते है। हालांकि ट्रेन आने से पूर्व लोगों से नियमों का पालन करने की अपील की जाती है। इसके बावजूद लोग अवैध रूप से पटरी पार करते है। नतीजन लोग एक लापरवाही से अपनी जान गवां बैठा रहे हैं।

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