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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 06, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

औरंगाबाद की सड़कों पर दौड़ते टेम्पो बने जानलेवा, चालकों की लापरवाही से हो रहे हादसे

Published: Sat, 06 Sep 2025 05:11 PM (IST)

औरंगाबाद जिले में टेम्पो चालकों की लापरवाही से हो रही दुर्घटनाओं में कई लोगों की जान जा रही है। एक ...और पढ़ें

सड़कों पर टेंपो चालकों की लापरवाही बन रहा मौत का कारण
सड़कों पर टेंपो चालकों की लापरवाही बन रहा मौत का कारण

HighLights

  1. औरंगाबाद में टेम्पो बने जानलेवा |
  2. चालकों की लापरवाही से दुर्घटनाएं |
  3. बिना लाइसेंस टेम्पो चलाने का मामला |

जागरण संवाददाता, औरंगाबाद। जिले में सड़कों पर दौड़ रहे टेंपो जानलेवा बन गया है। चालक की लापरवाही के कारण हमेशा दुर्घटना हो रही है। एक माह में टेंपो की टक्कर और दुर्घटनाओं से करीब छह लोगों की मौत हो गई है और कई गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

इन घटनाओं में चालकों की लापरवाही और यातायात नियमों की अवहेलना कारण है। सड़क दुर्घटना में हो रही मौत की घटना की प्राथमिकी यातायात थाना में कराई जा रही है। यातायात पुलिस की जांच में मामला सामने आया है कि कई चालक बिना ड्राइविंग लाइसेंस के टेंपो चला रहे हैं।

क्षमता से अधिक यात्रियों को ठूंसकर टेंपो को हाइवे से लेकर ग्रामीण सड़कों पर दौड़ाया जाता है। कई बार चालक अपनी सीट पर दोनों ओर यात्रियों को बैठा लेते हैं और खुद तिरछा होकर वाहन चलाते हैं, जिस कारण संतुलन बिगड़ने से हादसा होता है।

यात्री बताते हैं कि अधिकांश टेंपो तेज गति से चलते हैं और यातायात नियमों को दरकिनार करते हैं। लोगों का मानना है कि टेंपो चालकों की नियमित जांच, सड़क पर सख्त निगरानी और बिना परमिट-बिना लाइसेंस वाले वाहनों पर कड़ी कार्रवाई ही दुर्घटनाओं पर अंकुश लगा सकती है।

टेंपो चालकों की लापरवाही से हुए हादसे की घटना को देखें तो तीन दिन पहले ओबरा थाना क्षेत्र के सदीपुर डिहरी गांव के पास एनएच-139 पर टेंपो के दुर्घटनाग्रस्त होने से दो यात्रियों की मौत हो गई थी। करीब छह यात्री घायल हुए थे। एक माह में 12 से अधिक घटना हुई है।

केस-1

22 अगस्त को मदनपुर थाना क्षेत्र के वार गांव के पास टेंपो के धक्का मारने के कारण सोनरा गांव निवासी प्रियंका देवी की बुजुर्ग मां की मौत हो गई थी। बुजुर्ग महिला अपने पुत्र के साथ बाइक से जा रही थी कि टेंपो चालक धक्का मार फरार हो गया।

केस-2

26 अगस्त को जम्होर थाना क्षेत्र में औरंगाबाद-पटना पथ एनएच-139 देवकली मंदिर के पास सरसौली गांव निवासी मंटू कुमार की मौत हो गई थी। मंटू और उसका दोस्त बाइक से गांव लौट रहे थे कि टेंपों ने धक्का मार दिया था।

केस-3

27 अगस्त को देव थाना क्षेत्र के बालूगंज पथ स्थित केसौर गांव मोड़ के पास टेंपो के द्वारा ठेला चालक को धक्का मार देने के कारण देव के दिवान बिगहा गांव निवासी मुकेश कुमार की मौत हो गई थी।

कहते हैं यातायात डीएसपी

यातायात डीएसपी मनोज कुमार ने बताया कि टेंपो दुर्घटना में होने वाली मौत की घटना की प्राथमिकी यातायात थाना में कराई जा रही है। जिस टेंपो की पहचान या नंबर मिल जाती है या जब्त होती है उसके चालक को नामजद आरोपित किया जाता है।

टेंपो दुर्घटना में होने वाली मौत की प्राथमिकी की जांच में पाया गया है कि बिना लाइसेंस के चालक टेंपो दौड़ाते हैं। क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाते हैं। ऐसे टेंपो चालकों के खिलाफ नियमित कार्रवाई करने की जरूरत है।