बीपीएससी में मोनिका को छठी व अंकित को मिली आठवीं रैंक, बढ़ाया जिले का मान
बीपीएससी में मोनिका को छठी व अंकित को आठवीं रैंक

बीपीएससी में मोनिका को छठी व अंकित को मिली आठवीं रैंक, बढ़ाया जिले का मान
जागरण संवाददाता, औरंगाबाद : बिहार लोक सेवा आयोग की 66वीं की परीक्षा में औरंगाबाद के प्रतिभागियों ने सफलता का परचम लहराया है। जिले के दो प्रतिभागियों ने टाप-10 में जगह बनाया है। सफल प्रतिभागियों को बधाई देने का तांता लगा है। मदनपुर प्रखंड के सलैया गांव निवासी अंकित सिन्हा ने आठवां रैंक लाकर जिले के साथ अपने गांव व परिवार का नाम रौशन किया है। अंकित साधारण परिवार से आते हैं। माता मीना कुमारी आगनबाड़ी में सेविका के पद पर कार्यरत हैं तथा पिता विपिन बिहारी सिन्हा व्यवसायी हैं। अंकित इस वर्ष अभी तक तीन परीक्षा में शामिल हो चुके हैं। संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा परिणाम में अंकित ने 472वां रैंक हासिल किया था। इसके बाद वन प्रमंडल पदाधिकारी के परिणाम में 43 रैंक लाकर दूसरी बार जिले को गौरवान्वित किया है। बुधवार को जारी बीपीएससी 66वीं के परिणाम में चौथा रैंक लाकर तीसरी बार सफलता का परचम लहराया है। वर्तमान में अंकित औरंगाबाद शहर के श्रीकृष्णनगर मोहल्ला में परिवार के साथ रहता है।
पहले प्रयास में मोनिका ने पाई सफलता
औरंगाबाद शहर के सत्येंद्र नगर निवासी मोनिका श्रीवास्तव ने पहले ही प्रयास में बिहार लोक सेवा आयोग की परीक्षा में छठा स्थान प्राप्त किया है। वह महिला वर्ग में बिहार में प्रथम है। ग्रामीण कार्य विभाग में सहायक अभियंता ब्रजेश कुमार श्रीवास्तव एवं प्रधानाध्यापिका भारती श्रीवास्तव की पुत्री मोनिका श्रीवास्तव की उपलब्धि से क्षेत्र में जश्न का माहौल है। डीएवी पब्लिक स्कूल से मैट्रिक पास मोनिका ने बताया कि गुवाहाटी से आइआइटी पास करने के बाद वर्तमान में चेन्नई के एक निजी कंपनी में कार्यरत हैं। कोरोना महामारी के दौरान लगे लाकडाउन में औरंगाबाद से तैयारी कर परीक्षा दी थी। परीक्षा में सफलता हासिल हुई है। मोनिका ने कहा कि वह इस उपलब्धि से खुश हैं लेकिन भारतीय प्रशासनिक सेवा में जाना चाहेंगी। वैसे बिहार के लोगों की सेवा करने की इच्छा है।
कुमार स्नेहजीत को मिला 381वां रैंक
सदर प्रखंड के जम्होर निवासी कुमार स्नेहजीत ने बीपीएससी की परीक्षा में 381वां रैंक हासिल किया है। स्नेहजीत के पिता अजीत कुमार सिंह समाजसेवी है। स्नेहजीत की सफलता पर बधाई देने वालों का तांता लगा है। मां-पिता के साथ ग्रामीण खुश हैं। स्नेहजीत पटना में रहकर पढ़ाई करते थे। प्रारंभिक शिक्षा औरंगाबाद से की। इसके बाद रांची बीआइटी मेश्रा से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इंजीनियरिंग की परीक्षा पास करने के बाद तैयारी कर बीपीएससी में सफलता पाई है।
गंगटी के साकेत को मिला 310वां रैंक
औरंगाबाद प्रखंड के गंगटी गांव निवासी साकेत कुमार को 310वां रैंक मिला है। साकेत की सफलता से पूरे गांव में खुशी का माहौल है। मित्र से लेकर रिश्तेदार व गांव के लोग बधाई दे रहे हैं। साकेत के स्वजन खुश हैं।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।