यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 06, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar Teacher News: इन शिक्षकों की नौकरी जाना अब 100% फाइनल, विभाग ने Salary पर भी लगा दी रोक
बिहार शिक्षक भर्ती में बड़े घोटाले की बात सामने आ रही है। अररिया जिले में ऐसे 22 शिक्षक मिले हैं ...और पढ़ें

HighLights
- 22 शिक्षकों पर लटकी कार्रवाई की तलवार, वेतन पर लगी रोक
- कई जिलों की सूची में इन शिक्षकों के हैं नाम
- बीईओ को वेतन पर रोक लगाने का आदेश
जागरण संवाददाता, अररिया। Bihar Teacher News राज्य कर्मी का दर्जा पाने के लिए सक्षमता परीक्षा के आवेदन पड़ने के बाद फर्जीवाड़े की पोल खुलने लगी है। सक्षमता परीक्षा आयोजित होने से पहले ही जिले के 22 शिक्षक कार्रवाई की जद में आ गए हैं। इन नियोजित शिक्षकों के वेतन पर तत्काल रोक लगाई गई है।
राज्य स्तर पर जांच होने के बाद ही इन शिक्षकों का वेतन भुगतान किया जा सकेगा। बताया गया कि एक ही प्रमाण पत्र के आधार पर अलग-अलग जिले में शिक्षक बने हैं। इससे स्पष्ट है कि बड़े पैमाने पर शिक्षक घोटाला हुआ है। हालांकि, जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि जिले के आरोपित इन 22 शिक्षकों में कितने असली और कितने नकली शिक्षक हैं।
अगले आदेश तक वेतन रोका गया
डीइओ संजय कुमार ने सभी बीईओ को आदेश दिया है कि आरोपित इन 22 शिक्षकों का नाम अन्य जिले में भी प्रदर्शित हो रहे हैं, इसलिए इन सभी शिक्षकों का वेतन अगले आदेश तक के लिए रोका जाए।
इन जिलों में दिखे इन शिक्षकों के नाम
उल्लेखनीय है कि जिले में 9200 नियोजित शिक्षक हैं। इसमें करीब साढ़े सात हजार नियोजित शिक्षकों ने सक्षमता परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन दिया है। जिसमें 22 शिक्षकों का नाम अररिया के अलावा सिवान, कटिहार, वैशाली, मधेपुरा, बक्सर, मधुबनी, नालंदा, पूर्णिया, गोपालगंज, औरंगाबाद, समस्तीपुर, मुजफ्फर पुर, सहरसा, खगड़िया, सीतामढ़ी जिले में भी है। इसके बाद विभागीय स्तर पर कार्रवाई शुरू की गई।
