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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 14, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सिपाहियों ने हजार रुपये न देने पर ट्रेन से फेंका, युवक गंभीर

By Dharmendra PandeyEdited By:
Published: Mon, 14 Aug 2017 05:06 PM (IST)Updated: Tue, 15 Aug 2017 08:17 AM (IST)

हजार रुपये न मिलने पर मजदूरी करने जा रहे युवक को दो सिपाहियों ने ट्रेन से फेंक दिया। ट्रैक पर ...और पढ़ें

सिपाहियों ने हजार रुपये न देने पर ट्रेन से फेंका, युवक गंभीर
सिपाहियों ने हजार रुपये न देने पर ट्रेन से फेंका, युवक गंभीर

मुरादाबाद (जेएनएन)। मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालने वाले एक युवक को उत्तर प्रदेश की मित्र पुलिस ने एक हजार रुपया न देने पर ट्रेन से फेंक दिया। गंभीर रूप से घायल इस युवक को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 

एक हजार रुपये न मिलने पर मजदूरी करने जा रहे युवक को दो सिपाहियों ने ट्रेन से फेंक दिया। ट्रैक पर गंभीर हालत में पड़े मिले युवक को जिला अस्पातल में भर्ती कराया गया। उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।

शाहजहांपुर के कांट कस्बा स्थित मदरौली गांव निवासी सुमित मजदूरी करता है। परसों रात वह करनाल जाने के लिए शाहजहांपुर से माल्दाटाउन एक्सप्रेस में सवार हुआ था। पीडि़त के अनुसार वह तो जनरल कोच में था। मुरादाबाद से गाड़ी चलते ही जीआरपी के दो सिपाही आए और पूछताछ करने लगे। इस दौरान जब युवक के करनाल जाने की जानकारी हुई तो सिपाहियों ने उससे एक हजार रुपये मांगे।

आनाकानी करने पर दोनो उसे कोच के गेट तक ले आए। सुमित ने रुपये न होने की बात कहते हुए पर्स तक दिखा दिया फिर भी उनका दिल नहीं पसीजा। बहस के दौरान सिपाहियों ने युवक को ट्रेन से फेंक दिया। जिले के छजलैट के सलेमपुर बंगर के पास स्थानीय लोगों ने घायल अवस्था में युवक को ट्रैक किनारे पड़े देखा। एंबुलेंस से उसे जिला अस्पताल में भेजकर भर्ती कराया गया। घटना स्थल अमरोहा क्षेत्र होने के कारण आरपीएफ अमरोहा के उप निरीक्षक भारत सिंह चौहान जिला अस्पताल पहुंचे। 

उन्होंने गंभीर रूप से घायल सुमित से मामले की जानकारी ली। सुमित ने बताया कि कुछ देर पहले ही उसके पास सत्येंद्र सिंह नाम का युवक आया था, जिसने खुद को अधिकारी बताकर उससे टिकट ले लिया था। सुमित की हालत गंभीर बनी हुई है।

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कैसे पकड़े जाएंगे इस तरह अपराधी, खाकी पर सवाल

युवक को ट्रेन से फेंके जाने के मामले में जीआरपी ने मुकदमा तो दर्ज कर लिया लेकिन उसमें लीपापोती ज्यादा की गई है। जीआरपी ने दो वर्दीधारी सहित सिविल ड्रेस में चल रहे दो अन्य को भी आरोपी बनाया है। जीआरपी का दावा है कि पीडि़त युवक से वार्ता की तो वह ट्रेन का नाम नहीं बता पाया। उसके साथ घटना तड़के हुई थी।

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युवक ने बताया मालदाटाउन एक्सप्रेस में उसके साथ वारदात हुई। अभी यह भी तय नहीं हो पाया है कि युवक क साथ घटना के समय मौजूद जवान जीआरपी के थे या आरपीएफ के। अभी जांच में पहले यह पता किया जाएगा कि उसके साथ किस ट्रेन में घटना हुई। उसके बाद यह पता लगेगा कि ट्रेन में किसका स्क्वॉड चल रहा था। तब जाकर कार्रवाई हो पाएगी। अगर ट्रेन का पता नहीं चल पाता है तो फिर कार्रवाई भी नहीं हो पाएगी। 

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दर्ज होगा मुकदमा

एसपी जीआरपी केके चौधरी ने बताया कि घायल यात्री ट्रेन का सही नाम नहीं बता पाया है। उसने बताया दो युवकों ने उसके साथ बदसलूकी की थी। उस समय दो पुलिस वाले वहां मौजूद थे, लेकिन उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। छानबीन की जा रही है दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।