विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उत्कल एक्सप्रेस : ट्रैक पर मरम्मत कार्य के बाद भी चालक को नहीं दिया गया कॉशन

By Dharmendra PandeyEdited By:
Published: Sun, 20 Aug 2017 01:51 PM (IST)Updated: Sun, 20 Aug 2017 05:44 PM (IST)

खतौली में हादसे के समय मौजूद लोगों का कहना है कि ट्रैक पर काम चल रहा था। इसी दौरान ट्रेन ...और पढ़ें

उत्कल एक्सप्रेस : ट्रैक पर मरम्मत कार्य के बाद भी चालक को नहीं दिया गया कॉशन
उत्कल एक्सप्रेस : ट्रैक पर मरम्मत कार्य के बाद भी चालक को नहीं दिया गया कॉशन

लखनऊ (जेएनएन)। मुजफ्फरनगर के खतौली में कल उत्कल एक्सप्रेस के डिब्बों के पटरी से उतरने के बाद 30 लोगों की मौत बड़े सवाल खड़ा कर रही है। अब लोगों के जेहन में सवाल उठ रहे हैं कि इस भीषण हादसे की आखिर वजह क्या रही

खतौली में हादसे के समय मौजूद लोगों का कहना है कि ट्रैक पर काम चल रहा था। इसी दौरान ट्रेन आने से पहले मरम्मत का काम करने वाले ट्रैक से हट गए। खतौली के स्टेशन के सुपरिटेंडेंट राजेंद्र सिंह ने कहा कि हमको किसी ट्रैक रिपेयर की जानकारी नहीं थी। अगर कोई रिपेयर का काम होगा तो वो इंजीनियरिंग विभाग को पता होगा, हमको जानकारी नहीं थी। हमारी ओर से कोई गलती नहीं हुई, हमारी तरफ से कोई भी सिग्नल गलत नहीं दिया गया था। 

इसके उलट मुजफ्फरनगर के ही इंजीनियरिंग विभाग का कहना है कि ट्रैक पर निश्चित रूप से काम चल रहा था। हमने स्टेशन को बताया गया था कि ट्रैक असुरक्षित है। जॉइंट की प्लेट क्रैक थी। उसको ठीक करने के लिए 20 मिनट का ब्लॉक मांगा गया थ।

इसका मतलब कि 20 मिनट तक कोई ट्रेन वहां से ना गुजरे, हमने यह मांग की थी। मामले की जांच कर रही पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में ऐसा लग रहा है कि ट्रैक पर काम चल रहा था, लेकिन पड़ताल के बाद ही सारी बात सामने आएगी और एफआईआर दर्ज की जाएगी।

यह भी पढ़ें: उत्कल एक्सप्रेस हादसाः आतंकी गतिविधि या फिर ड्राइवर को नहीं मिला कॉशन

कम नहीं हुई ट्रेन की स्पीड

हादसे में खतौली में कल जिन लोगों के घर को नुकसान पहुंचा है उनमें से एक जगत राम ने बताया की रेल ट्रैक पर पिछले दो दिन से काम चल रहा था।

यह भी पढ़ें: उत्कल एक्सप्रेस पटरी से उतरी, 30 की मौत, 50 से अधिक घायल 

लोगों को इस बात की आशंका भी है कि उत्कल एक्सप्रेस के ड्राइवर को इस बारे में जानकारी नहीं दी गई थी। जगत राम ने बताया कि उत्कल एक्सप्रेस से कुछ ही देर पहले दो ट्रेन इस ट्रैक से होकर गुजरी थी। जिसकी स्पीड काफी कम थी। उन्होंने बताया कि जब उत्कल एक्सप्रेस यहां से गुजरी तब ट्रेन की स्पीड कम नहीं हुई।

यह भी पढ़ें: शाहजहांपुर में बापूधाम एक्सप्रेस की ट्रक से टक्कर, एक की मौत

हरिद्वार से पुरी के बीच चलने वाली कलिंग उत्कल एक्सप्रेस दुर्घटनाग्रस्त हो गई। कल शाम मुजफ्फरनगर के खतौली के पास हुए इस हादसे में ट्रेन की 14 बोगियां पटरी से उतर गई। जिसके कारण 30 यात्रियों की मौत हो गई जबकि 150 के अधिक घायल हैं। इस हादसे के कारण का अभी तक पता नहीं चल सका है।

यह भी पढ़ें:उत्कल एक्सप्रेस हादसे के बाद रेलकर्मियों से मारपीट, भगदड़

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।