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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 15, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कविता खन्‍ना ने कहा, गुरदासपुर में भाजपा का गढ़ टूटना दुखद

By Sunil Kumar JhaEdited By:
Published: Sun, 15 Oct 2017 12:30 PM (IST)Updated: Sun, 15 Oct 2017 03:05 PM (IST)

विनोद खन्‍ना की पत्‍नी व गुरदासपुर उपचुनाव में टिकट की दावेदार रही कविता खन्‍ना ने भाजपा की हार पर दुख ...और पढ़ें

कविता खन्‍ना ने कहा, गुरदासपुर में भाजपा का गढ़ टूटना दुखद
कविता खन्‍ना ने कहा, गुरदासपुर में भाजपा का गढ़ टूटना दुखद

जेएनएन, पठानकोट। गुरदासपुर उपचुनाव में भाजपा की टिकट लेने में ऐन मौक़े पर वंचित रही कविता खन्ना ने चुनाव परिणाम पर निराशा जताई है। उन्‍होंने कहा कि वह बहुत दुखी हैं। विनोद खन्ना ने गुरदासपुर में चुनाव जीत कर कांग्रेस के गढ़ को तोड़ा था और इसे भाजपा का गढ़ बनाया था। यह गढ़ टूटना चिंताजनक है।

मतगणना का रुझान सामने आने के बाद फोन पर बातचीत में उन्होंने कहा कि गुरदासपुर के उपचुनाव में हाइकमान ने बहुत सोच समझ कर टिकट दिया और टिकट को लेकर उन्हें अब कुछ नहीं कहना है। कविता खन्‍ना ने कहा कि वह बीत चुका है, लेकिन अब हम सभी को मिलजुल कर काम करना होगा। पार्टी को पहले की जगह पर लेकर आना होगा।

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कविता खन्ना ने एक सवाल के जबाव में कहा कि वैसे तो अब इस बात का कोई मतलब नहीं कि टिकट उन्हें दिया गया होता तो चुनाव परिणाम क्या होता। उन्होंने पार्टी से यह ज़रूर कहा था कि टिकट उन्हें दिया जाए तो वह चुनाव जीत कर सीट पार्टी की झोली में डालेंगी।  कविता ने कहा कि वह पिछले कई दिनों से पठानकोट इसलिए नहीं आई क्योंकि वह बीमार थी। अब स्‍वास्‍थ्‍य थोड़ा ठीक है।

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