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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 05, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कैप्टन का सिद्धू को झटका, केबल पॉलिसी बनाने से किया इन्कार

By Kamlesh BhattEdited By:
Published: Wed, 05 Jul 2017 09:00 AM (IST)Updated: Wed, 05 Jul 2017 09:01 AM (IST)

पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अपने मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू को चार माह में दूसरी बार झटका दिया ...और पढ़ें

कैप्टन का सिद्धू को झटका, केबल पॉलिसी बनाने से किया इन्कार
कैप्टन का सिद्धू को झटका, केबल पॉलिसी बनाने से किया इन्कार

जेएनएन, चंडीगढ़। कभी मंत्रिमंडल में नंबर दो की कुर्सी मांगने वाले नवजोत सिंह सिद्धू को कैप्टन अमरिंदर सिंह ने सरकार बनने के चार माह के अंदर ही दूसरी बार झटका दे दिया है। सरकार बनने से पहले कैप्टन ने ही सिद्धू की नंबर टू बनने की राह रोक दी थी। इस कारण सिद्धू पार्टी में नंबर थ्री तो बने, लेकिन तब से दोनों के बीच मतभेद की बात उभरकर सामने आ रही थी।

सरकार बनने के साथ ही सिद्धू ने हाउसिंग डेवलपमेंट डिपार्टमेंट की मांग की थी, जिसे मुख्यमंत्री ने खुद अपने पास रखा था। सिद्धू का तर्क था कि चूंकि यह शहरी विकास से जुड़ा हुआ मामला है, इसलिए इसे स्थानीय निकाय विभाग को ही दे देना चाहिए। कैप्टन की ओर से कोई रिस्पॉन्स न लिए जाने के कारण बाद सिद्धू को यू टर्न लेना पड़ा था।

अब कैप्टन ने एक बार फिर केबल मामले में सिद्धू को झटका दिया है। सिद्धू ने फास्ट वे केबल कंपनी पर आरोप लगाया था कि उसने नियमों को ताक पर रखते हुए 680 करोड़ रुपये का चूना लगाया है। इस पर सिद्धू ने पॉलिसी लाने की बात कही थी। दो दिन बाद ही कैप्टन ने यह कह कर सिद्धू की मांग को खारिज कर दिया कि कोई केबल पॉलिसी नहीं आने वाली है।

मुख्यमंत्री के इस स्टैंड से इस बात के स्पष्ट संकेत मिलने शुरू हो गए हैं कि मतभेद का यह दौर अभी थमने वाला नहीं है। कैप्टन के इस बयान से स्पष्ट संकेत मिलते हैं कि मंत्रिमंडल ने नंबर तीन पर आने वाले नवजोत सिंह सिद्धू के साथ मुख्यमंत्री के रिश्ते सामान्य नहीं है।

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