यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 08, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
NIT श्रीनगर: गैर-कश्मीरी स्टूडेंट्स के समर्थन में MIET छात्रों का प्रदर्शन
एनआइटी में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की घटना पर जम्मू कश्मीर के उपमुख्यमंत्री निर्मल सिह ने कहा है कि एनआइटी ...और पढ़ें

नई दिल्ली। एनआइटी श्रीनगर में छात्रों की पिटाई का मामला तूल पकड़ता हुआ दिखाई दे रहा है। इस घटना को लेकर आज जम्मू के कोट भलवत स्थित मॉडल इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नालॉजी कॉलेज (एमआइइटी) के छात्रों द्वारा आज गैर-कश्मीरी छात्रों के समर्थन में बड़े पैमाने पर विरोध प्रर्दशन किया जा रहा है।
स्थानीय छात्रों ने किया आंदोलनकारी छात्रों की मांगों का विरोध
एनआईटी में अध्ययनरत स्थानीय छात्रों ने आंदोलनकारी छात्रों की मांगों का विरोध किया हैं, जिसमें कैंपस के अंदर केंद्रीय सुरक्षा बलों की स्थायी मौजदूगी वाली मांग भी शामिल है। मानव संसाधन विकास मंत्रालय की टीम को सौंपे एक ज्ञापन में स्थानीय छात्रों ने कहा कि संस्थान में केंद्रीय सुरक्षा बलों की स्थायी उपस्थिति से परिसर का माहौल बिगड़ जाएगा।
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राज्य के उप मुख्यमंत्री निर्मल सिंह ने छात्रों के साथ मुलाकात भी की। निर्मल सिह एनआईटी में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की घटना बयान देेते हुए कहा, "हमने छात्रों पर पुलिस द्वारा किए गए लाठाचार्ज की न्यायिक जांच के आदेश दे दिए हैं और जो भी दोषी होगा उसे बख्शा नहीं जाएगा।" उन्होंने कहा कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय की टीम यहां मौजूद है, जो छात्रों को हो रही शैक्षिक और प्रशासनिक समस्याओं का पता लगा रही हैं।
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उपमुख्यमंत्री ने कहा, "छात्र केवल छात्र होते हैं, वे ना तो कश्मीरी हैं और ना ही गैर-कश्मीरी।" सुरक्षा के सवाल पर निर्मल सिंह ने कहा, "मैं छात्रों को भरोसा देता हूं कि उन्हें पूरी सुरक्षा दी जाएगी।" उन्होंने कहा कि भाजपा मानती है कि इसमें किसी तरह की राजनीति नहीं होनी चाहिए।
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इससे पहले आज राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआइटी) में कश्मीरी व गैर कश्मीरी छात्रों के बीच हुए विवाद व मारपीट की घटना के बाद उपजे तनाव की स्थिति को ध्यान में रखते हुए बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई।
