यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 14, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
पुलिसिया कारनामा: आजमगढ़ के जज का शांति भंग में चालान
सरायइनायत पुलिस ने आजमगढ़ में पदस्थ एडिशनल सिविल जज सौरभ दुबे का शांति भंग (107/116) में चालान कर दिया। यह ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, इलाहाबाद। सरायइनायत पुलिस ने आजमगढ़ में पदस्थ एडिशनल सिविल जज सौरभ दुबे का शांति भंग (107/116) में चालान कर दिया। यह कारनामा तब हुआ, जब वह ड्यूटी पर तैनात थे।
सरायइनायत थाने के कोटवा गांव निवासी जज सौरभ दुबे के चाचा सत्यप्रकाश का गांव के ही किसी शख्स से जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। मामला कोर्ट में है और स्थगन का आदेश है। बताते हैं शुक्त्रवार को दूसरे पक्ष में कोर्ट के आदेश की अवहेलना करते हुए निर्माण कार्य शुरू करा दिया। इसकी शिकायत होने पर पुलिस शनिवार को सत्य प्रकाश के साथ ही दूसरे पक्ष के एक लोग को थाने उठा ले आई। बाद में सत्य प्रकाश के अलावा आशुतोष दुबे और न्यायिक अधिकारी सौरभ दुबे का 107/116 में चालान कर दिया। जागरण के पास उपलब्ध कागजात में उनका नाम अंत में दर्ज है। हालांकि इंस्पेक्टर सरायइनायत का कहना कि जज का चालान नहीं किया गया है।
जबकि न्यायाधीश सौरभ दुबे का कहना है कि किसी भी राजपत्रित अधिकारी के खिलाफ कोई भी कार्रवाई करने से पहले संबंधित विभाग से अनुमति लेनी होती है, पर पुलिस की ओर से ऐसा नहीं किया गया है। उन्होंने विभाग के उच्चाधिकारियों से इस मामले में शिकायत की है। आइजी एलवी एंटनी देव कुमार का कहना है कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं। मामले की जांच कराकर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी।
मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर
