यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 03, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
लोकसभा के साथ झारखंड में हो सकता है विधानसभा चुनाव
मिशन 2019 के तहत झारखंड में लोकसभा की 14 और विधानसभा की 60 सीटें जीतने का लक्ष्य निर्धारित है।

मृत्युंजय पाठक, धनबाद। झारखंड विधानसभा का चुनाव समय से सात-आठ महीने पहले लोकसभा चुनाव-2019 के साथ ही होने के प्रबल आसार हैं। मुख्यमंत्री रघुवर दास और झारखंड प्रदेश भाजपा ने लोकसभा के साथ ही विधानसभा चुनाव की तेज कर दी है। इसके मद्देनजर भाजपा झारखंड के सभी 81 विधानसभा क्षेत्रों में से 75 से अधिक में दो दिवसीय कार्यकर्ता प्रशिक्षण शिविर का आयोजन कर चुनावी प्रबंधन गुर सिखा चुकी है।
चुनाव प्रचार के कारण शासन-प्रशासन में होनेवाले व्यवधान को न्यूनतम करने के लिए नीति आयोग ने 2024 से लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ कराने का सुझाव दिया है। इससे पहले राष्ट्रहित में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी दोनों चुनाव एक साथ कराने का सुझाव दे चुके हैं। राष्ट्रीय स्तर पर दोनों चुनाव एक साथ कराने के लिए राजनीतिक दलों के बीच सहमति तैयार करना कठिन है। लेकिन, झारखंड की सत्ताधारी भाजपा लोकसभा चुनाव के साथ ही विधानसभा चुनाव कराने को तैयार है।
मिशन-2019 के तहत झारखंड में लोकसभा की 14 और विधानसभा की 60 सीटें जीतने का लक्ष्य निर्धारित कर भाजपा के तमाम मंत्री, सांसद, विधायक और पदाधिकारी चुनावी में पिल पड़े हैं। इसके लिए प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में 250-250 कार्यकर्ताओं को चुनाव प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। झारखंड में विधानसभा का कार्यकाल 2019 दिसंबर में समाप्त होगा, जबकि लोकसभा का कार्यकाल करीब 7 महीने पहले मई 2019 में। ऐसे में झारखंड सरकार अगर एक साथ चुनाव कराने की सिफारिश करेगी तो चुनाव आयोग को शायद की कोई आपत्ति हो। झारखंड भाजपा के रणनीतिकारों का मानना है कि लोकसभा के साथ ही विधानसभा चुनाव कराना राजनीतिक रूप से फायदेमंद होगा।
प्रधानमंत्री मोदी की लोकप्रियता के साथ ही झारखंड भाजपा भी आसानी से पार लग जाएगी। इस मुद्दे पर झारखंड प्रदेश भाजपा की गिरिडीह कार्यसमिति में मंथन हो चुका है। केंद्रीय राज्य मंत्री और लोहरदगा के सांसद सुदर्शन भगत भी लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ कराने की वकालत कर चुके हैं। झारखंड प्रदेश भाजपा के पूर्व अध्यक्ष सांसद पीएन सिंह का भी कहना है कि लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ हो सकते हैं। इसकी चर्चा रांची से लेकर दिल्ली तक हो रही है।
