विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 10, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

UP Election Results 2017: आजम खां का दावा, भाजपा को 25 से अधिक सीट नहीं मिलेगी

By Dharmendra PandeyEdited By:
Published: Fri, 10 Mar 2017 11:03 AM (IST)Updated: Sat, 11 Mar 2017 07:48 AM (IST)

आजम खां ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एक बार फिर से हम पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बना रहे ...और पढ़ें

UP Election Results 2017: आजम खां का दावा, भाजपा को 25 से अधिक सीट नहीं मिलेगी
UP Election Results 2017: आजम खां का दावा, भाजपा को 25 से अधिक सीट नहीं मिलेगी

लखनऊ (जेएनएन)। समाजवादी पार्टी के फायरब्रांड नेता आजम खां ने हर एक्जिट पोल को खारिज कर दिया है। अखिलेश यादव सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खां का दावा है कि उत्तर प्रेदश में भाजपा को सिर्फ 25 सीट मिलेगी। 
आजम खां ने कहा कि मैं इस तरह के एक्जिट पोल पर जरा भी यकीन नहीं करता हूं, पहले भी अधिकांश एक्जिट पोल को जनता ने खारिज किया है। यह अधिकांश एक्जिट पोल मैनेंजड होते हैं। आजम खां ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एक बार फिर से हम पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपी विधानसभा में समाजवादी पार्टी 380 सीटें आसानी से जीत जाएगी, बाकी सीटें अन्य दलों को मिलेंगी।
लंबे-लंबे दावे कर रही भारतीय जनता पार्टी को उत्तर प्रदेश में सिर्फ 25 सीट मिलेगी। मैं तो दावा के साथ कह रहा हूं कि मेरी बात का यकीन किया जाए। आजम खां ने कहा कि यह तो सभी का पता है कि अगर समाजवादी पार्टी उत्तर प्रदेश में सरकार नहीं बना पाती है तो जनता को बहुत भुगतना पड़ेगा। 
इससे पहले कल आजम खां ने कहा था कि अगर उनकी पार्टी का परिणाम अच्छा नहीं रहता है तो फिर इसके लिए अकेले मुख्यमंत्री अखिलेश यादव जिम्मेदार नहीं होंगे। अखिलेश की हार सबकी हार होगी।
आजम खां ने कहा कि अगर उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी को अपेक्षित सीट नहीं मिलती है तो फिर इसका ठीकरा अखिलेश के सिर नहीं फोड़ा जाना चाहिए। आजम खां ने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि इसके लिए सहयोगी दल कांग्रेस और खुद प्रदेश की जनता जिम्मेदार होगी। आजम खां ने तो यहां तक कह दिया कि अगर उनकी पार्टी हारी तो प्रदेश की जनता भुगतेगी।
आजम खां ने परसों इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में पेश होने के मुलायम सिंह यादव की पत्नी साधना गुप्ता के बयान पर भी आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा था कि साधना को अपने बयानों के लिए दो दिन रुक जाना चाहिए था। चुनाव के आखिरी चरण से एक दिन पहले साधना गुप्ता के इस तरह के बयान पार्टी के लिए सही नहीं हैं।
साधना ने यादव कुनबे और पार्टी में चल रही कलह पर पहली बार चुप्पी तोड़ते हुए पार्टी के महासचिव राम गोपाल यादव और अखिलेश यादव पर बयान दिए थे। उन्होंने कहा था कि उन्हें नहीं पता था कि अखिलेश बागी निकलेंगे। उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों के जवाब में कहा था कि वह अब तक बहुत चुप रहीं, लेकिन अब वह चुप नहीं रहेंगी।