यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 05, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मदरसा में लगी आग, 25 लाख की संपत्ति खाक
अररिया। सदर थाना क्षेत्र के बेलवा पंचायत स्थित मदरसा दारूल उलुम रसीदिया जकीर नगर में गुरूवार क

अररिया। सदर थाना क्षेत्र के बेलवा पंचायत स्थित मदरसा दारूल उलुम रसीदिया जकीर नगर में गुरूवार की देर आग ने भीषण तांडव मचाया। आग के भीषण तांडव में मदरसा जलकर पूरी तरह राख में तब्दील हो गया। इस घटना में 25 लाख से अधिक की संपत्ति जलने का अनुमान लगाया जा रहा है।
घटना की सूचना मिलने के बाद सदर थाना एसएचओ रमेश कांत चौधरी, बैरगाछी ओपी प्रभारी राकेश कुमार सहित एक दर्जन पुलिस कर्मी वहां पहुंचे और फायर ब्रिगेड केन्द्र में सूचना देकर दमकल मंगाया। दमकल एवं आसपास के लोगों की सहायता से जब तक आग पर काबू पाया जाता तब तक मदरसा के सारे कमरे जलकर नष्ट हो गये। आग कैसे लगी इसकी पुष्टि समाचार लिखे जाने तक नहीं हो पायी थी। लेकिन मदरसा के पीछे एक गैलन पाया गया है। अंदेशा है कि किसी ने जानबुझ कर मदरसा को आग के हवाले कर दिया है। पुलिस भी इस मामले की छानबीन कर रही है।
मदरसा के प्रि¨सपल मौलाना नबी हसन ने बताया कि रात के करीब दस बजे मदरसा में रह रहे करीब 125 बच्चे खाना खाकर अपने अपने कक्ष में सोने के लिए चले गये। रात के करीब बारह बजे अचानक मदरसा में आग की लपटें उठी और देखते ही देखते आसपास के सभी कमरों को अपने चपेट में ले लिया। किसी तरह से सभी बच्चों को नींद से जगाकर सुरक्षित निकाला गया। लेकिन बच्चों का एक एक समान जलकर नष्ट हो गये। उन्होंने बताया कि बच्चों के किताब, नास्ता, कपड़े एवं अन्य समान तो जले ही, साथ ही मदरसा का कार्यालय एवं स्टोर रूम भी आग के चपेट में आ गया। मदरसा में एक सौ से ज्यादा किताबें थी। वो भी आग के भेंट चढ़ गयी। जबकि स्टोर रूप में लाखों का खद्यान्न थे। सभी जलकर राख में तब्दील हो गये। मौलाना ने बताया कि मदरसा के होस्टल में 125 बच्चे थे। जबकि आसपास के गांवों से करीब 300 बच्चे प्रतिदिन मदरसा आया करते थे। आग ने सभी बच्चों की पढ़ाई पर तत्काल विराम लगा दिया है। मौलाना ने इस घटना में 25 लाख से अधिक की संपत्ति जलने का अनुमान लगाया है।
