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'नहीं तो डेंजर लिस्ट में डाल देंगे...', तक्षशिला की ऐतिहासिक जगहों से छेड़छाड़ करने पर UN ने पाक को चेताया

Published: Thu, 02 Jul 2026 06:16 PM (IST)Updated: Thu, 02 Jul 2026 06:24 PM (IST)

यूनाइटेड नेशन (UN) ने पाकिस्तान को तक्षशिला के दो ऐतिहासिक स्थलों पर किए गए पुनर्निर्माण को वापस लेने की चेतावनी दी है, जिससे उनकी प्रामाणिकता को नुकसान पहुंचा है।

फोटो - सोशल मीडिया

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। यूनाइटेड नेशन (UN) ने पाकिस्तान को सख्त चेतावनी दी है। UN ने पाक से कहा कि वह तक्षशिला (Taxila) की दो ऐतिहासिक जगहों पर किए गए उन रीकंस्ट्रक्शन को वापस ले, जिनसे उनकी असलियत और अखंडता को नुकसान पहुंचाया है। साथ ही चेतावनी दी है कि अगर ऐसा नहीं किया गया, तो इन जगहों को UNESCO की डेंजर लिस्ट में डाल दिया जाएगा।

प्राचीन काल में तक्षशिला के नाम से जानी जाने वाली यह जगह दक्षिण एशिया के सबसे अहम पुरातात्विक स्थलों में से एक है। इसका इतिहास वैदिक काल से जुड़ा है। रामायण और महाभारत जैसे हिंदू महाकाव्यों में भी इस शहर का खास जिक्र मिलता है।

UN की पाक को चेतावनी

UN की सांस्कृतिक शाखा, UNESCO ने हाल ही में हुई बैठक में सरकार के अधिकारियों से कहा कि हालिया गैर-जरूरी बदलावों की वजह से वह मोह्रा मोराडु (Mohra Moradu) और सिरकप (Sirkap) की ऐतिहासिक जगहों को अपनी सूची से हटाने में कोई हिचकिचाहट नहीं दिखाएगी।

खबरों के मुताबिक उसने अधिकारियों को याद दिलाया कि इससे पहले भी उसने जर्मनी में एक विश्व धरोहर स्थल को ऐसी ही वजहों से लिस्ट से हटाया था।

कैसे शुरू हुआ विवाद?

यह विवाद मार्च में तब शुरू हुआ जब एक व्हिसलब्लोअर ने पेरिस में UNESCO में पाकिस्तान के स्थायी प्रतिनिधि के साथ जानकारी और तस्वीरें साझा कीं, जिनमें पंजाब पुरातत्व विभाग द्वारा किए जा रहे पुनर्निर्माण कार्यों का जिक्र था।

व्हिसलब्लोअर ने देखा कि पुरानी दीवारों की जगह नई दीवारें बनाई जा रही थीं या उनकी ऊंचाई बढ़ाई जा रही थी, ऐसे बदलाव जिनसे उस जगह की असलियत और अखंडता पर असर पड़ सकता था। तस्वीरों में पुरानी दीवारों की जगह नई चट्टानों का काम होता दिख रहा था, जिसमें इस्तेमाल होने वाला आधुनिक निर्माण सामग्री चमकदार और एक ही आकार की है, जो टेढ़े-मेढ़े पुरानी चट्टानों से बिल्कुल अलग दिखती है।

रिपोर्ट में क्या है?

पिछले महीने, यूनेस्को, पुरातत्व और संग्रहालय विभाग (DOAM) और राष्ट्रीय विरासत और सांस्कृतिक विभाग मंत्रालय ने तक्षशिला संग्रहालय का संयुक्त तकनीकी दौरा किया।

यूनेस्को ने मोहरा मोराडु और सिरकप के बारे में दस्तावेज इस्तेमाल किए हैं, जिनमें विरासत पर असर का आकलन करने वाली रिपोर्ट और मरम्मत से पहले और बाद की सतहों की तस्वीरें शामिल हैं।

हालांकि, DOAM के अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि विश्व धरोहर स्थलों पर मिल बनाने के लिए संरचनाओं का इस्तेमाल करना यूनेस्को के नियमों का गंभीर उल्लंघन है।

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