विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

'अमेरिका के लिए पूरे मिडिल ईस्ट को नरक बना देंगे', ट्रंप के अल्टीमेटम पर ईरान का पलटवार

Published: Sun, 05 Apr 2026 07:45 AM (IST)

ट्रंप ने होर्मुज स्ट्रेट खोलने को लेकर ईरान को धमकी दी, जिस पर ईरान ने पलटवार करते हुए मिडिल ईस्ट ...और पढ़ें

ट्रंप की धमकी पर ईरान का पलटवार (फाइल फोटो)

ट्रंप की धमकी पर ईरान का पलटवार (फाइल फोटो)

timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने होर्मुज स्ट्रेट खोलने को लेकर ईरान को धमकी दी है कि अगर उसने समझौता नहीं किया तो उस पर कहर बरसेगा। ट्रंप ने कहा कि होर्मुज खोलने पर डील करने के लिए बहुत कम समय बचा है, अगर ऐसा नहीं करता है तो ईरान को नरक का सामना करना पड़ेगा।

ट्रंप की इस धमकी पर ईरान ने पलटवार करते हुए पूरे मिडिल ईस्ट को अमेरिका और इजरायल के लिए नरक बनाने की बात कही है।

हालात और गंभीर हो सकते हैं

दरअसल, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने चेतावनी दी है कि मिडिल ईस्ट में हालात तेजी से और गंभीर हो सकते हैं। ईरानी सेना के सेंट्रल हेडक्वार्टर (खातम अल-अनबिया) के प्रवक्ता इब्राहिम जोल्फाघारी ने कहा, "अगर तनाव बढ़ता रहा, तो पूरा क्षेत्र अमेरिका और इजरायल के लिए नरक बन जाएगा और ईरान को हराने का भ्रम उनको दलदल में फंसा देगा।"

बता दें कि ईरानी सेना के प्रवक्ता इब्राहिम जोल्फाघारी का यह बयान ऐसे समय में आया है जब ट्रंप ईरान पर समझौते करने का दबाव बढ़ा रहे हैं कि वह रणनीतिक रूप से होर्मुज स्ट्रेट खोले, वरना उसके एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर भीषण हमले तेज किए जाएंगे।

याद रखना 10 दिन का दिया था समय

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा, "ईरान के पास समझौता करने या होर्मुज खोलने के लिए अब बहुत कम समय बचा है। याद रखना, मैंने ईरान को 10 दिन का समय दिया था, या तो समझौता करे या होर्मुज को खोले। अब समय तेजी से खत्म हो रहा है, और 48 घंटे बाद उन पर कहर टूटेगा।"

बार-बार बयान बदल रहें ट्रंप

गौरतलब है कि 8 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमलों के साथ शुरू हुए इस युद्ध के बाद से अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप अपने बयान बार-बार बदल रहे हैं। एक ओर वह ईरान के साथ कूटनीतिक समाधान की बात कर रहे हैं, तो दूसरी ओर हमले की चेतावनी भी दे रहे हैं।

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के कारण दुनिया के तेल और गैस का करीब 20 प्रतिशत हिस्सा प्रभावित हो रहा है। ऊर्जा आपूर्ति बाधित होने से वैश्विक स्तर पर ईंधन की कीमतों में भारी उछाल आया है।

यह भी पढ़ें- 'ईरान पर जमीनी हमले से बचें ट्रंप', पूर्व अमेरिकी पायलट रायन बोडेनहाइमर ने चेताया

यह भी पढ़ें- होर्मुज पर ईरान की मजबूत पकड़, अमेरिकी एजेंसियों ने दी चेतावनी; ट्रंप पर बढ़ा दबाव