मिड टर्म इलेक्शन से पहले अमेरिका में 'नो किंग्स' रैलियां, जल्दी वोट डालने की अपील
अमेरिका में 3 नवंबर के मध्यावधि चुनावों से पहले 'नो किंग्स' नेटवर्क ने देशभर में रैलियां कीं। इनका मकसद मतदाताओं को जल्दी वोट डालने के लिए प्रेरित करना था।

मिड टर्म इलेक्शन से पहले अमेरिका में 'नो किंग्स' रैलियां(फोटो: रॉयटर्स)
HighLights
'नो किंग्स' नेटवर्क ने देशभर में बड़े पैमाने पर रैलियां आयोजित कीं।
मतदाताओं को 3 नवंबर से पहले जल्दी मतदान के लिए प्रेरित किया गया।
रैलियां राष्ट्रपति ट्रंप के प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन थीं।
डिजिटल डेस्क, वाशिंगटन। अमेरिका में तीन नवंबर को होने वाले मध्यावधि चुनावों से पहले शनिवार को देशभर में 'नो किंग्स' नेटवर्क द्वारा बड़े पैमाने पर रैलियों और प्रदर्शनों का आयोजन किया गया। इन रैलियों का मुख्य उद्देश्य अमेरिकी मतदाताओं को जल्दी मतदान के लिए प्रेरित करना है।
हालांकि, आयोजकों ने इन्हें गैर-दलीय बताया लेकिन 'नो किंग्स' मूल रूप से राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप और उनके प्रशासन के फैसलों तथा सत्ता के दुरुपयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने के लिए जाना जाता रहा है।
शनिवार को वाशिंगटन डीसी स्थित लिंकन मेमोरियल में ठंड के बावजूद सैकड़ों लोग जुटे। संगीत के बीच लोगों ने नृत्य किया और मतदान के समर्थन में नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों के हाथों में ‘जल्दी मतदान करें’ और ‘मेरे वोट से दूर रहो’ जैसे संदेश लिखे पोस्टर हाथ में लिए हुए थे।
अटलांटा में सिटी काउंसिल के सदस्य माइकल जूलियन बांड ने लोगों से तीन नवंबर को होने वाले आम चुनाव से पहले मतदान करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संविधान नागरिकों को मतदान की शक्ति देता है और लोगों को इस अधिकार का इस्तेमाल करना चाहिए।
(समाचार एजेंसी एपी के इनपुट के साथ)
