पश्चिम बंगाल के स्कूलों में 'वंदे मातरम' अनिवार्य, सुबह की प्रार्थना सभा में गाना होगा राष्ट्रीय गीत
पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी स्कूलों में सुबह की प्रार्थना सभा के दौरान वंदे मातरम गाना अनिवार्य कर ...और पढ़ें

पश्चिम बंगाल के स्कूलों की मॉर्निंग असेंबली में वंदे मातरम गाना अनिवार्य

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
राज्य ब्यूरो,कोलकाता। बंगाल की नई भाजपा सरकार ने राज्य के सभी सरकारी स्कूलों में सुबह की प्रार्थना में ‘वंदे मातरम’ का गायन अनिवार्य कर दिया है। बंगाल के नए मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने विधानसभा परिसर में गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि आगामी सोमवार (18 मई) से राज्य के सभी स्कूलों में प्रार्थना गीत के रूप में ‘वंदे मातरम’ की शुरुआत की जाएगी।
इस बाबत बंगाल सरकार के स्कूल शिक्षा विभाग ने बुधवार को ही एक आधिकारिक आदेश जारी कर कहा कि राज्य के सभी सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में ‘वंदे मातरम’ का गायन अनिवार्य होगा।
शिक्षा निदेशक द्वारा सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों के प्रमुखों को भेजे गए पत्र में स्पष्ट किया गया है कि कक्षाओं की शुरुआत से पहले सुबह की प्रार्थना में ‘वंदे मातरम’ का गायन अनिवार्य किया जाना चाहिए। निर्देश में कहा गया है कि प्रत्येक छात्र को राष्ट्रगीत के गायन में भाग लेना होगा। संस्थानों के प्रमुखों को इस आदेश का सख्ती से पालन कराने का निर्देश दिया गया है।
वंदे मातरम के गायन में बाधा डालना दंडनीय अपराध
यह कदम केंद्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय प्रतीकों के प्रति सम्मान से संबंधित प्रावधानों को मजबूत करने की पहल के कुछ समय बाद आया है। केंद्र सरकार ने ‘राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम अधिनियम, 1971’ में संशोधन का प्रस्ताव रखा है, जिससे वंदे मातरम के गायन में बाधा डालना एक दंडनीय अपराध बन जाएगा।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले बंगाल के स्कूलों में पारंपरिक रूप से केवल रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा रचित राष्ट्रगान 'जन गण मन' और राज्य गान 'बांग्लार माटी, बांग्लार जोल' ही गाया जाता था। अब इन दोनों के साथ 'वंदे मातरम' का गायन भी अनिवार्य होगा।
स्कूल शिक्षा विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि स्कूल अधिकारियों को इस कार्यान्वयन के प्रमाण के रूप में वीडियो रिकार्डिंग सहित पूरी कार्यवाही का दस्तावेजीकरण करने के लिए भी कहा गया है।
पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार ने 1905 में बंगाल विभाजन के विरोध में रवींद्र नाथ टैगोर द्वारा ही लिखे गए गीत ‘बांग्लार माटी बांग्लार जल’ को हाल के वर्षों में राज्य गीत के रूप में पेश किया था।
यूनिफार्म वितरण पर लगी रोक
इसके साथ ही, पिछली सरकार के कार्यकाल के दौरान वितरित किए जाने वाले स्कूल बैग और यूनिफार्म के वितरण पर भी तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है।
यह भी पढ़ें- बंगाल में सरकार बदलते ही बड़ा बदलाव, कोलकाता मेट्रो ऑरेंज लाइन निर्माण को मिली गति
