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नेहा बोरा के कार्यक्रम को मंजूरी देने वाले जादवपुर विश्वविद्यालय के प्रोफेसर को नोटिस वापस

Published: Fri, 09 Oct 2026 10:30 PM (GMT+05:30)

जादवपुर विश्वविद्यालय के कुलपति ने वामपंथी छात्र संगठन के कार्यक्रम को मंजूरी देने वाले प्रोफेसर से स्पष्टीकरण मांगने का नोटिस वापस ले लिया है।

कुलपति ने प्रोफेसर से स्पष्टीकरण मांगने का नोटिस वापस लिया

कुलपति ने प्रोफेसर से स्पष्टीकरण मांगने का नोटिस वापस लिया

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राज्य ब्यूरो, कोलकाता। जादवपुर विश्वविद्यालय के कुलपति चिरंजीब भट्टाचार्य ने वामपंथी छात्र संगठनों के कार्यक्रम को मंजूरी देने वाले प्रोफेसर से स्पष्टीकरण मांगने का नोटिस वापस ले लिया है। यह कार्यक्रम ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आईसा) की अध्यक्ष नेहा बोरा की मौजूदगी में हुआ था।

विश्वविद्यालय के एक अधिकारी के अनुसार, संबंधित प्रोफेसर से बातचीत के बाद कुलपति ने लिखित जवाब मांगने की जरूरत नहीं समझी। प्रोफेसर गायेन भट्टाचार्य कार्यक्रमों की मंजूरी और निगरानी करने वाली समिति के अध्यक्ष हैं।

कार्यक्रम को लेकर हुआ था विवाद

‘जेन जी मूवमेंट : यूनिटी आफ जनरेशन एंड रेजिस्टेंस’ नाम के सम्मेलन में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी को समाप्त करने, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) तथा प्रस्तावित आईएसआई विधेयक के विरोध जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई थी।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने विश्वविद्यालय से बाहर के राजनीतिक लोगों की कथित मौजूदगी और कार्यक्रम को प्रशासनिक मंजूरी मिलने पर सवाल उठाए थे। आयोजकों ने भी एबीवीपी पर पलटवार किया था।

पुरानी समिति भंग, नई समिति गठित

विवाद के बाद छह अक्टूबर को विश्वविद्यालय ने कार्यक्रमों की मंजूरी देने वाली समिति भंग कर रजिस्ट्रार को इसकी जिम्मेदारी सौंप दी थी।

कार्यवाहक रजिस्ट्रार देबजित दत्ता के अनुसार, वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना दिए बिना कार्यक्रम आयोजित करने में प्रक्रियागत चूक के कारण यह कदम उठाया गया। सात अक्टूबर को विश्वविद्यालय ने आठ सदस्यीय नई समिति गठित की।

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