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अपराध से सियासत तक पहुंचा लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का नाम, फिर चर्चा में उत्तराखंड के पुराने कनेक्शन

Published: Wed, 23 Sep 2026 02:36 PM (IST)

लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का नाम अब ऊधम सिंह नगर के राजनीतिक विवाद तक पहुंच गया है, जहां किच्छा नगर पालिका ...और पढ़ें

लॉरेंस बिश्नोई।

लॉरेंस बिश्नोई।

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जागरण संवाददाता, रुद्रपुर। अपराध की दुनिया में चर्चित लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का नाम अब ऊधम सिंह नगर के सियासी विवाद तक पहुंच गया है। कुमाऊं में इस गिरोह का नाम पहले रुद्रपुर में व्यापारी के प्रतिष्ठान पर फायरिंग कर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने और हल्द्वानी में धमकी-फिरौती के मामलों की जांच में सामने आ चुका है।

अब किच्छा नगर पालिका चुनाव के दौरान स्ट्रांग रूम के बाहर हुए विवाद के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच शुरू हुए आरोप-प्रत्यारोप में पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने बिश्नोई गिरोह के एक अपराधी के मौजूद होने का दावा किया है।

जनवरी 2021 में रुद्रपुर गल्ला मंडी क्षेत्र में टायर व्यापारी के प्रतिष्ठान के बाहर फायरिंग हुई थी। इसके बाद व्यापारी से लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने की बात सामने आई थी।

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मामले की जांच में पुलिस और एसओजी ने राजस्थान तक पड़ताल की थी। बिश्नोई के आपराधिक नेटवर्क और उसके संपर्कों की जानकारी जुटाई गई थी। उस समय पुलिस के सामने यह भी आया था कि गिरोह से जुड़े लोगों की गतिविधियां उत्तराखंड तक पहुंच रही हैं। उस पर दिल्ली, राजस्थान, पंजाब और हरियाणा समेत देश के अन्य राज्यों में सैकड़ों प्राथमिकी पंजीकृत है।

लॉरेंस बिश्नोई के गुर्गों का उत्तराखंड से पुराना कनेक्शन

इसके अलावा पुलिस जांच में पता चला कि लॉरेंस बिश्नोई के गुर्गों का उत्तराखंड से पुराना कनेक्शन है। अभिनेता सलमान खान को धमकी मामले में रेकी करने वाले एक गुर्ग को पुलिस ने वर्ष, 2018 में पौड़ी गढ़वाल से गिरफ्तार किया था। इधर, वर्ष, 2022 में हल्द्वानी के आभूषण कारोबारी को फोन पर जान से मारने की धमकी देकर फिरौती मांगने वाले गिरोह की भी जांच में कनेक्शन लॉरेंस बिश्नोई गैंग से मिला था।

इधर, मंगलवार को किच्छा नगर पालिका चुनाव के मतदान के बाद स्ट्रांग रूम के बाहर कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ और भाजपा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के समर्थक आमने-सामने आ गए थे। विवाद बढ़ने पर पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। बेहड़ ने थप्पड़ मारने का आरोप लगाया था।

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इसी विवाद के बाद पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने आरोप लगाया कि स्ट्रांग रूम पहुंचने के दौरान विधायक बेहड़ के साथ लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का एक अपराधी मौजूद था। इस बयान के बाद स्थानीय राजनीतिक विवाद में अपराध जगत के चर्चित गिरोह का नाम जुड़ गया है। इस तरह रुद्रपुर की फायरिंग से शुरू हुआ बिश्नोई गिरोह का नाम, कुमाऊं में धमकी और रंगदारी के मामलों से गुजरते हुए अब ऊधमसिंह नगर के राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का हिस्सा बन गया है।

बिश्नोई के नाम से धमकी का स्क्रीनशाट भी हुआ था वायरल

रुद्रपुर: कुमाऊं में लॉरेंस बिश्नोई के नाम का इस्तेमाल कर इंटरनेट मीडिया पर धमकी देने का मामला भी सामने आ चुका है। कुछ वर्ष पहले एक वाट्सएप ग्रुप में एक स्क्रीनशाट प्रसारित हुआ था। इसमें पुलिस अधिकारी के लिए आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए कथित तौर पर लिखा गया था कि मुकाबला फोर्स और उनके लड़कों के बीच है और संदेश के अंत में लॉरेंस बिश्नोई का नाम लिखा गया था। पुलिस की जांच में सामने आया था कि शहर के ही एक व्यक्ति ने बिश्नोई का नाम इस्तेमाल कर यह पोस्ट इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित की थी।