मराठी फिल्म की शूटिंग के समय नाना पाटेकर ने केदारनाथ धाम को बताया था अद्भुत धरोहर, कहा, ऐसी सुंदरता दुनिया में कहीं नहीं
अभिनेता नाना पाटेकर ने केदारनाथ धाम के नैसर्गिक सौंदर्य को अद्भुत और अद्वितीय बताया, जहां वे एक मराठी फिल्म की ...और पढ़ें
-1791469508000_m.webp)
फाइल फोटो

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण संवाददाता, रुद्रप्रयाग। वर्ष 2022 अक्टूबर में मराठी फिल्म की शूटिंग के सिलसिले में केदारनाथ धाम पहुंचे अभिनेता नाना पाटेकर बाबा केदार के दर्शन और हिमालय की अनुपम प्राकृतिक सुंदरता से इस कदर अभिभूत हुए थे कि उन्होंने केदारधाम को अद्भुत और अद्वितीय बताया था।
बाबा केदार के दर्शन के बाद उनके चेहरे पर दिख रही प्रसन्नता और संतुष्टि हर किसी का ध्यान खींच रही थी। उन्होंने कहा था कि हिमालय की गोद में प्रकृति के ऐसे दृश्य दुनिया में कहीं और देखना मुश्किल है। मराठी और हिंदी फिल्मों के चर्चित अभिनेता नाना पाटेकर अपनी करीब 15 से 20 सदस्यीय टीम के साथ केदारनाथ पहुंचे थे।
इससे पहले उन्होंने चमोली जिले की चीन सीमा से लगी नीती घाटी में करीब नौ दिन तक फिल्म की शूटिंग की थी। इसके बाद हेलीकॉप्टर से केदारनाथ पहुंचकर सबसे पहले बाबा केदार के दर्शन किए और गर्भगृह में विधिवत पूजा-अर्चना की।
नाना पाटेकर के केदारनाथ पहुंचने की खबर मिलते ही स्थानीय लोगों और तीर्थ यात्रियों की भीड़ जुट गई थी। प्रशंसकों ने उनके साथ तस्वीरें खिंचवाने और ऑटोग्राफ लेने की इच्छा जताई तो अभिनेता ने किसी को निराश नहीं किया! इसके बाद उन्होंने भैरवनाथ के दर्शन किए और शूटिंग की तैयारियों में जुट गए।
उस दिन केदारनाथ में चारों ओर खिली धूप, बर्फ से आच्छादित मेरु-सुमेरु पर्वत और बादलों-कुहासे के बीच हिमालय का विहंगम दृश्य देखकर नाना पाटेकर और पूरी फिल्म टीम मंत्रमुग्ध हो गई थी। उन्होंने कहा था कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बाबा केदार मन को अद्भुत शीतलता प्रदान करते हैं।
केदारधाम की प्राकृतिक सुंदरता जितना रोमांचित करती है, उतना ही भीतर तक आनंद और शांति का अनुभव कराती है। फिल्म की टीम ने बाद में ऊखीमठ ब्लॉक के नारायणकोटि और देवर गांव में भी शूटिंग की थी। पिता-पुत्र के रिश्ते पर आधारित इस मराठी फिल्म के लिए रुद्रप्रयाग की प्राकृतिक सुंदरता को प्रमुखता से कैमरे में कैद किया गया था।
