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आदि कैलास अल्ट्रा मैराथन 2.0: 15000 फीट ऊंचाई... -7 डिग्री तापमान, 1200 धावकों संग दौड़े यूपी के 65 साल के महिपाल

Published: Sat, 24 Oct 2026 08:18 AM (GMT+05:30)Updated: Sat, 24 Oct 2026 08:21 AM (GMT+05:30)

आदि कैलास अल्ट्रा मैराथन 2.0 का आयोजन 15,000 फीट की ऊंचाई और माइनस सात डिग्री तापमान में हुआ, जिसमें 13 राज्यों के 1200 धावकों ने हिस्सा लिया।

पिथौरागढ़ में आदि कैलास अल्ट्रा मैराथन 2.0। जागरण

पिथौरागढ़ में आदि कैलास अल्ट्रा मैराथन 2.0। जागरण

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संवाद सूत्र , गुंजी (पिथौरागढ़) । भारत-चीन-नेपाल की त्रिकोणात्मक सीमा पर स्थित व्यास घाटी के प्रमुख स्थल गुंजी से लेकर आदि कैलास तक शनिवार की सुबह रोमांच से भरी रही।

एक तरफ जहां शून्य से नीचे तापमान की ठिठुरन डरा रही थी, वहीं दूसरी तरफ 70 किमी की मैराथन दौड़ के लिए 116 धावक अपना दमखम दिखा रहे थे। शिव के पवित्र धाम आदि कैलास से मैराथन आरंभ हुई। यह क्षण हिमाच्छादित पर्वत शृंखला के बीच यह एक अद्भुत नजारा रहा।

आदि कैलास की पावन धरा ज्योलिंगकांग में शनिवार को अल्ट्रा मैराथन 2.0 का भव्य आयोजन किया गया। समुद्र तल से करीब 15 हजार फीट की ऊंचाई और माइनस सात डिग्री तापमान के बीच देश के 13 राज्यों से आए 1200 धावकों ने इस ऐतिहासिक दौड़ में हिस्सा लिया।

'भारत माता की जय और जय महाकाल'

कार्यक्रम की शुरुआत सुबह साढ़े पांच बजे हुई। कड़ाके की ठंड के बावजूद धावकों में गजब का उत्साह देखने को मिला। ठीक साढ़े छह बजे सभी धावकों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। इस दौरान पूरा क्षेत्र 'भारत माता की जय और जय महाकाल' के नारों से गूंज उठा।

धावकों ने संकल्प लिया कि मैं इस पावन मां भारती की धरा से संकल्प लेता हूं कि किसी भी प्रकार का नशा नहीं करूंगा। कार्यक्रम में स्लोगन दिया गया 'नशे को ना, जिंदगी को हां और से नो टू ड्रग्स'। अधिकारियों ने कहा कि सीमांत की इस धरती से नशे के खिलाफ दिया गया संदेश पूरे देश में जाएगा।

सुबह 6 बजकर 40 मिनट पर मुख्य अतिथि सीडीओ डॉ.दीपक सैनी और आईटीबीपी के अधिकारियों द्वारा हरी झंडी दिखाकर दौड़ शुरू कराई गई। धावकों ने जय महाकाल के जयकारों के साथ दौड़ की शुरुआत की।

आयोजन में आईटीबीपी, स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौजूद रही। धावकों के लिए जगह-जगह मेडिकल कैंप और गर्म पानी की व्यवस्था की गई थी। इस अल्ट्रा मैराथन का उद्देश्य सीमांत पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ ही युवाओं में फिटनेस और नशामुक्ति को लेकर जागरूकता फैलाना है।

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