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उत्तराखंड विधानसभा चुनावः न्याय यात्रा की शुरुआत में ही पछवादून में कांग्रेस में उथल-पुथल

Published: Fri, 23 Oct 2026 09:08 PM (IST)

कांग्रेस की 'उत्तराखंड न्याय यात्रा' की शुरुआत में ही पछवादून में पार्टी के भीतर गुटबाजी और अंतर्कलह सामने आ गई। ...और पढ़ें

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राज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले ‘उत्तराखंड न्याय यात्रा’ के जरिये कांग्रेस प्रदेश सरकार को घेर रही है, लेकिन इसकी शुरुआत में ही पछवादून में पार्टी में अंतर्कलह और अंदरूनी खींचतान सतह पर आ गई।

शुक्रवार को सहसपुर विधानसभा क्षेत्र के सेलाकुई में न्याय यात्रा के दौरान चुनावी अदावत तब नजर आई, जब प्रदेश कांग्रेस चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डा. हरक सिंह रावत और पूर्व में सहसपुर से चुनाव लड़ चुके आर्येंद्र शर्मा के समर्थक मंच पर आकर आपस में भिड़ गए।

हरक और आर्येंद्र दोनों ही इस सीट से खम ठोंक रहे हैं। इसके साथ ही पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामशरण नाैटियाल की कांग्रेस में वापसी के बाद विकासनगर में बदले समीकरणों के बीच उभरी गुटबाजी ने संगठन को पसोपेश में डाल दिया है।

राज्य में वर्ष 2017 से वनवास झेल रही कांग्रेस के सामने अब अपनी सियासी जमीन बचाने की चुनौती है। इसे देखते हुए पार्टी चुनावी तैयारियों को धार देने में जुटी है, लेकिन गुटबाजी, अंतर्कलह और दुरभिसंधियों के जिन्न से पीछा छुड़ाना उसके लिए मुश्किल बना हुआ है।

वह भी तब जबकि कांग्रेस हाईकमान की ओर से एकजुटता के साथ चुनाव मैदान में उतरने के निर्देश दिए गए हैं। बावजूद इसके, पार्टी नेताओं की चुनावी अदावत किसी न किसी बहाने सतह पर आ रही हैं।

कांग्रेस की उत्तराखंड न्याय यात्रा के दूसरे दिन शुक्रवार को यह पछवादून के दो विधानसभा क्षेत्रों सहसपुर और विकासनगर में नमूंदार भी हुई। पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय एनडी तिवारी के करीबी रहे आर्येंद्र शर्मा सहसपुर सीट से दो बार चुनाव लड़ चुके हैं, लेकिन सफलता नहीं मिली।

वह इस बार भी टिकट के तलबगार हैं। प्रदेश कांग्रेस की चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डा. हरक सिंह रावत पिछली बार चुनाव नहीं लड़े थे, लेकिन अब वह सहसपुर पर निगाहें जमाए हुए हैं।

सेलाकुई के घटनाक्रम को इसी आलोक में देखा जा रहा है। इस तकरार ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि चुनाव से पहले पार्टी इन मतभेदों को किस तरह संभालेगी।

प्रसिद्ध गायक जुबिन नौटियाल के पिता एवं देहरादून जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष रामशरण नौटियाल की कांग्रेस में हुई वापसी ने विकासनगर सीट पर भी हलचल बढ़ा दी है। नौटियाल की वापसी को पार्टी संगठन में स्थानीय राजनीतिक समीकरणों के संदर्भ में देखा जा रहा है।

माना जा रहा है कि वह विकासनगर सीट से आगामी चुनाव में टिकट मांग सकते हैं, जबकि पूर्व मंत्री नवप्रभात पहले ही वहां से तैयारी में जुटे हैं। यही कारण है कि शुक्रवार को न्याय यात्रा के विकासनगर पहुंचने से पहले नवप्रभात ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि किसी के पार्टी में आने से उन्हें कोई दिक्कत नहीं है।

लेकिन जो पहले से तैयारी कर रहे हैं, उनकी अनदेखी नहीं होनी चाहिए। ऐसे में माना जा रहा है कि इस सीट पर गुटीय खींचतान आगे और बढ़ेगी।

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