देहरादून में ‘वर्दी वाली वसूली’ वीडियो से हड़कंप, परिवहन विभाग के दारोगा को किया निलंबित
इंटरनेट मीडिया पर 'वर्दी वाली वसूली' का वीडियो वायरल होने के बाद परिवहन उप निरीक्षक शशिकांत तेंगोवाल को निलंबित कर दिया गया है।

सांकेतिक तस्वीर।

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण संवाददाता, देहरादून। इंटरनेट मीडिया पर ‘वर्दी वाली वसूली’ का वीडियो प्रसारित होने, विभाग की छवि पर उठते सवालों और बढ़ते जनदबाव के बीच आखिरकार परिवहन उप निरीक्षक शशिकांत तेंगोवाल पर गाज गिर गई।
अवैध वसूली के आरोपों में घिरे उप निरीक्षक को परिवहन मुख्यालय ने तत्काल निलंबित कर दिया है।
हर्रावाला क्षेत्र का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर फैलते ही परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालों की बौछार शुरू हो गई। मामला बढ़ता देख परिवहन विभाग को तुरंत कार्रवाई कर ‘जीरो टालरेंस’ नीति याद आ गई।
सोमवार रात इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित वीडियो में परिवहन उप निरीक्षक एक दुकान के भीतर घिरे दिखाई दिए। यह दुकान एक ट्रांसपोर्टर की है, जिसमें उसने उप निरीक्षक पर खुलेआम अवैध वसूली के आरोप लगाए।
परिवहन उपायुक्त शैलेश तिवारी ने बताया कि आरोपित उप निरीक्षक शशिकांत तेंगोवाल का कृत्य उत्तराखंड कर्मचारी आचरण नियमावली का उल्लंघन है और इससे विभाग की छवि धूमिल हुई है।
शशिकांत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया। आरोपित के विरुद्ध आरोप-पत्र जारी करने और विभागीय जांच शुरू कर दी है। जांच में आरोप साबित होने पर कठोर कार्रवाई की होगी।
यह भी पढ़ें- ट्रांसपोर्टरों की ललकार: खड़गपुर-झाड़ग्राम मार्ग पर अवैध वसूली बंद नहीं हुई तो ठप रहेंगे ट्रकों के पहिए
यह भी पढ़ें- मोहाली के जीरकपुर में बड़ा खेल! वन विभाग की जमीन पर पार्किंग, CHC में आने वालों से अवैध वसूली
