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टिहरी झील में सी प्लेन उतारने की खुली राह, स्काई हाक कंपनी ने दिखाई है इसमें रुचि

Published: Wed, 11 Feb 2026 12:01 AM (IST)

टिहरी झील में बहुप्रतीक्षित सी-प्लेन संचालन की राह खुल गई है। स्काई हाक कंपनी ने इसमें रुचि दिखाई है, जिसके ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।

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राज्य ब्यूरो, देहरादून। उत्तराखंड में तेजी से पर्यटन स्थल के रूप में अपनी पहचान बना रही टिहरी झील में अब एक और नई गतिविधि शुरू हो सकती है।

यहां बहुप्रतिक्षित सी-प्लेन को संचालित करने की दिशा में कदम बढ़ रहे हैं। हवाई सेवा का संचालन करने वाली कंपनी स्काई हाक ने इसमें रुचि दिखाई है।

नागरिक उड्डयन मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के क्रम में उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास परिषद (यूकाडा) ने यहां सी-प्लेन उतारने संबंधी जानकारियां उन्हें उपलब्ध करा दी हैं। यहां जल्द इसके ट्रायल रन होने की संभावना है।

टिहरी झील में सी-प्लेन को उतारने की कवायद तकरीबन सात वर्षों से चल रही है। एयरपोर्ट अथारिटी आफ इंडिया ने पहले ही देश के 17 वाटर एयरोड्रोम में टिहरी झील को शामिल किया हुआ है।

दरअसल, प्रदेश की झीलों व नदियों में साहसिक पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। टिहरी झील को पर्यटन के एक बड़े गंतव्य के रूप में प्रचारित उभर भी रहा है।

यहां इस समय वाटर स्पोर्ट्स से संबंधित विभिन्न साहसिक गतिविधियों का संचालन किया जा रहा है। वर्ष 2019 में प्रदेश सरकार और एयरपोर्ट अथारिटी के बीच यहां वाटर एयरोड्रम बनाने के लिए करार भी हुआ था, लेकिन यह कवायद परवान नहीं चढ़ पाई।

यूकाडा यहां वाटर एयरोड्रम की जगह चिह्नित कर चुका है। इसके सुरक्षा मानकों के लिए इनलैंड वाटर वेसल पालिसी पर भी काम हो चुका है।

यहां पांच झीलों पर सी-प्लेन सर्किट बनाने का प्रस्ताव भी केंद्र को भेजा जा चुका है। यद्यपि, अब हवाई संचालन कंपनी द्वारा इस संबंध में इच्छा जताने के बाद इसकी राह कुछ बनती नजर आ रही है।

सीईओ यूकाडा आशीष चौहान का कहना है कि इस संबंध में केंद्र सरकार ने कुछ जानकारियां मांगी हैं जो उपलब्ध करा दी गईं हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि यहां जल्द ट्रायल रन शुरू हो सकता है।

क्या होता है सी प्लेन

सी प्लेन एक विशेष प्रकार का हवाई जहाज है, जिसे उड़ान भरने के लिए रनवे की जरूरत नहीं पड़ती है। यह प्लेन पानी से टेक आफ और लैंडिंग कर सकता है। इस प्लेन का उपयोग पर्यटन गतिविधियों के अलावा रेस्क्यू आपरेशन के लिए भी किया जाता है।

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