वीकेंड पर मसूरी में उमड़े पर्यटकों के हुजूम से शहर में पसरा कचरा, चरमराई कूड़ा निस्तारण व्यवस्था
मसूरी में पर्यटकों की बढ़ती भीड़ के कारण कचरा उत्पादन में भारी वृद्धि हुई है, जिससे देहरादून की कूड़ा निस्तारण व्यवस्था पर भी दबाव बढ़ गया है।

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HighLights
मसूरी में पर्यटकों के कारण कचरा उत्पादन में भारी वृद्धि।
दून-मसूरी में बीते सप्ताह 30% अतिरिक्त कूड़ा निकला।
देहरादून के शीशमबाड़ा प्लांट पर बढ़ा कचरा निस्तारण का भार।
जागरण संवाददाता, देहरादून। पहाड़ों की रानी मसूरी में पर्यटकों की बढ़ती भीड़ का असर अब केवल जाम तक सीमित नहीं है। पर्यटकों की संख्या बढ़ने के साथ मसूरी में कचरा उत्पादन तेजी से बढ़ा है और इसका दबाव देहरादून की कूड़ा निस्तारण व्यवस्था पर भी पड़ रहा है। पर्यटकों के हुजूम से दून और मसूरी में बीते एक सप्ताह में ही 30 प्रतिशत अतिरिक्त कूड़ा निकला है। जबकि, मसूरी से निकलने वाले कचरे का एक हिस्सा देहरादून स्थित कूड़ा निस्तारण व्यवस्था तक पहुंचता है। ऐसे में दून के शीशमबाड़ा कूड़ा प्रबंधन प्लांट पर भी भार बढ़ा है।
मसूरी नगर पालिका के आंकड़ों के अनुसार, बीते दो सप्ताह में 505 टन ठोस कचरा एकत्र किया गया। इस दौरान रोजाना औसतन करीब 35 टन कचरा निकला। नगर पालिका के अनुसार यह सामान्य दिनों की तुलना में करीब 20 से 30 प्रतिशत अधिक है।
इसी प्रकार देहरादून में भी रोजाना करीब पांच सौ टन कूड़ा उत्सर्जित हो रहा है, जो कि सामान्य दिनों में साढ़े चार सौ टन के आसपास रहता है। इसके अलावा मसूरी से कुल कचरे का करीब 30 प्रतिशत कूड़ा भी देहरादून के शीशमबाड़ा प्लांट में पहुंचता है। मुख्य नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आनंद शुक्ला के अनुसार, शीशमबाड़ा में पिछले कुछ दिनों से अतिरिक्त दबाव है, लेकिन अभी स्थिति नियंत्रण में है।
पर्यटन सीजन में दोगुना निकल रहा कूड़ा
मसूरी में सामान्य आफ सीजन के दौरान प्रतिदिन करीब 25 से 28 टन कचरा निकलता है। वर्तमान अवधि में यह औसत करीब 38 टन पहुंच गया है, जबकि पीक पर्यटन अवधि में कचरा उत्सर्जन करीब 46 से 48 टन प्रतिदिन तक पहुंचने का अनुमान है।
होटल, रेस्टोरेंट, बाजार और पर्यटन स्थलों पर बढ़ी गतिविधियों को कचरा बढ़ने का प्रमुख कारण माना जा रहा है। यह स्थिति देहरादून के लिए इसलिए भी चिंताजनक है क्योंकि मसूरी समेत आसपास के निकायों का कचरा पूर्व में देहरादून के शीशमबाड़ा स्थित ठोस अपशिष्ट प्रबंधन प्लांट में प्रसंस्करण के लिए पहुंचता रहा है।
