यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 01, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
उत्तराखंड : ठेकेदारों पर सड़क परियोजनाओं का बड़ा दायित्व, सरकार ने 31 दिसंबर तक दी ठेकेदारों को कई रियायतें
उत्तराखंड में ठेकेदारों पर सड़क परियोजनाओं का बड़ा दायित्व है। सरकार ने 31 दिसंबर तक ठेकेदारों को कई रियायतें दी ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, देहरादून। प्रदेश में सड़क परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने में छोटे ठेकेदार भी अहम भूमिका निभाएंगे। कोरोना काल में ठप पड़े निर्माण कार्यों में तेजी लाने का दारोमदार इन ठेकेदारों पर भी होगा। ठेकेदारों को सिर्फ आगामी 31 दिसंबर तक ही रियायत दी गई है। साढ़े तीन दर्जन से ज्यादा बड़ी परियोजनाओं को सरकार तेजी से पूरा करने पर जोर लगा रही है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी केंद्रीय सड़क अवसंरचना निधि (सीआरआइएफ) के अंतर्गत प्रदेश में सड़क परियोजनाओं के लिए वित्तीय मंजूरी दे चुके हैं। केंद्र की वित्तीय मदद से इन सभी महत्वपूर्ण सड़कों का काम समयबद्ध पूरा करने के निर्देश मुख्यमंत्री दे चुके हैं। इसके अतिरिक्त प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत भी ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है।
राज्य में अगले विधानसभा चुनाव में अब ज्यादा वक्त शेष नहीं है। चुनाव आचार संहिता लागू होने से पहले तमाम सड़क परियोजनाओं को तेजी से शुरू किया जाएगा। मुख्यमंत्री के निर्देश पर संबंधित विभाग इस दिशा में काम प्रारंभ कर चुके हैं। वित्त विभाग को ऐसे प्रस्तावों को तेजी से मंजूरी देने की हिदायत दी गई है। अगले तीन महीने के भीतर कई सड़कों पर ज्यादातर काम पूरा किया जाएगा। सरकार ने छोटे ठेकेदारों की मुराद भी पूरी कर दी है। उन्हें राहत देने और सड़कों के काम को जल्द पूरा करने के लिए अधिप्राप्ति नियमावली में संशोधन किया जा चुका है।
कोरोना काल में काम-धंधा बंद होने के बाद उत्तराखंड लौटे प्रवासियों को भी राहत दी गई है। इसके लिए सरकार ने ऐसे ठेकेदारों की भी नई सूची बना दी है, जिनके पास काम का कोई अनुभव नहीं है। इन ठेकेदारों को पंजीकरण कराना होगा। इसके बाद इन्हें 20 लाख तक के कार्य आवंटित किए जा सकेंगे। छोटे कार्यों को बगैर कठिनाई के पूरा करने के लिए कार्यादेश के अधिकार की सीमा 2.50 लाख से बढ़ाकर पांच लाख की जा चुकी है। ठेकेदारों को दी गई रियायत का दायरा 50 लाख से तीन करोड़ तक बढ़ाया गया है। कैबिनेट मंत्री व सरकार के प्रवक्ता सुबोध उनियाल ने कहा कि नई सड़क परियोजनाओं से गांवों से लेकर शहरों तक सड़कों की सूरत बदलेगी। इससे ट्रैफिक संबंधी समस्या का समाधान होगा, साथ में आम जन को भी राहत मिलेगी।
