फर्जी MBBS दाखिला रैकेट: देहरादून में दो और आरोपी गिरफ्तार, अब तक कुल पांच पकड़े गए
एसआईटी ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के मामले में संजय कुमार और गिरीश सिंह को ...और पढ़ें
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जागरण संवाददाता, देहरादून। फर्जी दस्तावेजों के आधार पर एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के मामले में एसआईटी ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान संजय कुमार और गिरीश सिंह के रूप में हुई है।
दोनों पर तीन अभ्यर्थियों के कूटरचित दस्तावेज तैयार कराने और मेडिकल कॉलेज में दाखिला दिलाने में सहयोग करने के एवज में अनुचित धनराशि लेने का आरोप है। इस मामले में अब तक पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
13 सितंबर को थाना रायपुर और क्लेमेंटाउन में कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित प्रमाण पत्र बनवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किए जाने के मामले में मुकदमे दर्ज हुए थे। जांच में अभ्यर्थियों की ओर से उपलब्ध कराए गए दस्तावेज फर्जी पाए गए थे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून ने एसपी ग्रामीण-1 जया बलोनी के नेतृत्व में एसआईटी गठित की थी। एसआईटी ने जांच के दौरान प्रकरण से जुड़े दस्तावेज कब्जे में लेकर संबंधित शिक्षण संस्थानों से भी रिकॉर्ड जुटाए।
जांच में अभ्यर्थियों के दस्तावेजों पर दर्ज पते गलत पा गए। शिक्षण संस्थानों से मिले रिकॉर्ड के आधार पर अभ्यर्थियों के वास्तविक पतों की जानकारी सामने आई, जिसके बाद जांच आगे बढ़ाई गई। विवेचना में सामने आए साक्ष्यों के आधार पर एसआईटी ने संजय कुमार और गिरीश सिंह को पूछताछ के लिए रायपुर थाने लाया।
पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, संजय कुमार और गिरीश सिंह ने अभ्यर्थी स्वाति, परी और खुशी के कूटरचित आधार कार्ड, डोमिसाइल और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी प्रमाण पत्र तैयार कराने में सहयोग किया था।
आरोप है कि इसके बदले दोनों ने अनुचित धनराशि प्राप्त की। इससे पहले एसआईटी रुपेश पंडित, अरविंद कुमार और धीरज कुमार श्रीवास्तव को गिरफ्तार कर चुकी है। एसआईटी अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित आरोपियों की भूमिका की भी गहनता से जांच कर रही है।
