ऋषिकेश, जेएनएन। गंगा स्वच्छता के लिए केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही नमामि गंगे परियोजना का काम तीर्थ नगरी में लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। यहां सीवर की राइजिंग लाइन के लिए खोदी गई सड़कें डेडलाइन पूरी होने के बाद भी दुरुस्त नहीं हो पाई हैं, जिससे आए दिन मार्ग पर जाम लग रहा है और वाहन चालक दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। 

ऋषिकेश क्षेत्र में नमामि गंगे योजना के तहत विभिन्न कार्य संचालित हो रहे हैं। इनमें ऋषिकेश से वीरभद्र मार्ग होते हुए लक्कड़ घाट एसटीपी तक सीवर की राइजिंग लाइन बिछाई जा रही है। साल 2018 के अंत में इस राइजिंग लाइन को बिछाने का काम पेयजल निगम द्वारा शुरू किया गया था, जिसके लिए ऋषिकेश हरिद्वार मार्ग को पुरानी चुंगी से डिग्री कॉलेज तिराहा तक एक साइड में खोद दिया गया। वीरभद्र मार्ग को कॉलेज तिराहे से आइडीपीएल बाउंड्री तक खोदा गया। यही नहीं विस्थापित क्षेत्र में भी कई संपर्क मार्गों को खोदकर यह सीवर लाइन बिछाई गई, जिससे लगभग सभी सड़कें पिछले एक वर्ष से खस्ताहाल स्थिति में हैं। 

सीवर लाइन बिछाने और सड़कों के निर्माण के लिए दिसंबर 2019 की डेडलाइन तय की गई थी। मगर डेडलाइन समाप्त होने के बाद भी अभी तक काम पूरा होता नहीं दिख रहा है। पेयजल निगम अभी भी तमाम जगह सीवर लाइन पर चेंबर बनाने का काम कर रहा है। कुछ जगह चेंबर बन चुके हैं मगर यहां अभी भी सड़क की हालत खराब है। कहीं सड़क दलदल में तब्दील हो चुकी है तो कहीं सड़क के गड्ढे दुर्घटना का कारण बन रहे हैं। स्थानीय लोगों की शिकायत पर जिलाधिकारी देहरादून ने भी दिसंबर तक काम पूरा कर मार्गों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे। मगर अभी काम की रफ्तार को देखते हुए आने वाले दो महीनों में भी काम पूरा होता नजर नही आ रहा है। 

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सड़क बनी नहीं कर दिया पौधारोपण 

राइजिंग लाइन बिछाने का काम अभी जारी है। इसके बाद खोदे गए मार्गों को दुरुस्त किया जाएगा, लेकिन इसे दूरदर्शिता ही कहेंगे कि वीरभद्र मार्ग पर इस बीच वन विभाग ने पौधारोपण भी कर दिया। विगत साल लोक निर्माण विभाग ने इस मार्ग पर अतिक्रमण हटाया था। कई आवास, व्यावसायिक भवन और निर्माणों के अतिक्रमण ध्वस्त किए गए थे। इसके बाद वन विभाग ने इस मार्ग पर पौधे रोपित कर दिए, जबकि अभी इस मार्ग का चौड़ीकरण भी प्रस्तावित है। विभाग ने पौधारोपण चिह्नित अतिक्रमण से करीब पांच से छह फीट बाहर किया है। यानी आने वाले समय में यह पेड़ बड़े होते हैं तो पीछे के निर्माणों को स्वत: ही आगे आने का मौका मिल जाएगा। 

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निर्माण खंड ऋषिकेश के अधिशासी अभियंता बलराम मिश्रा ने बताया कि लोनिवि मार्ग निर्माण के लिए विभाग की ओर से कोई विलंब नहीं है। सभी तैयारियां पूरी हैं। जैसे ही पेयजल निगम की एनओसी मिलती है, काम शुरू किया जाएगा। कुछ स्थानों पर पत्थर कटिंग का काम भी किया जा रहा है। जल्द ही सड़कों को दुरुस्त कर दिया जाएगा। 

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Posted By: Raksha Panthari

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