सीएम धामी ने तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड, पांच साल में 5.8 गुना हुआ उत्तराखंड का बजट
मुख्यमंत्री धामी ने अपना ही रिकॉर्ड तोड़ते हुए उत्तराखंड का अनुपूरक बजट पांच साल में 5.8 गुना बढ़ा दिया है।


समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
राज्य ब्यूरो, देहरादून । पांच साल, दो अनुपूरक बजट और धामी सरकार के अनुपूरक बजट में करीब 5.8 गुने का उछाल। वर्ष 2021 में भी राज्य में विधानसभा चुनाव से पूर्व धामी सरकार ने अपना अंतिम अनुपूरक बजट पेश किया था, जो 1353.80 करोड़ का था।
इस बार भी वही समय है, लेकिन अंतिम बजट बढ़कर 7844.18 करोड़ रुपये पहुंच गया है। खुद सीएम धामी ने अपने ही पुराने रिकॉर्ड को तोड़ दिया है। इस बार का बजट सिर्फ आकार में ही नहीं बढ़ा, बल्कि सरकार की प्राथमिकताओं में आए बदलाव के कारण भी व्यापक हुआ है।
पूंजीगत मद में बड़ा बदलाव
वर्ष 2021 के अनुपूरक बजट में पूंजीगत मद के लिए 184.88 करोड़ रुपये थे, जो कुल बजट का 13.7 प्रतिशत था। अक्टूबर, 2026 में यह राशि बढ़कर 4164.32 करोड़ रुपये हो गई, जो कुल बजट का 53.1 प्रतिशत है। पांच साल में पूंजीगत मद करीब 22.5 गुना बढ़ा। यह अवस्थापना और विकास परियोजनाओं पर बढ़े वित्तीय जोर को दर्शाता है।
अनुपूरक बजट की तस्वीर - दिसंबर-2021 -अक्टूबर-2026
- कुल बजट - 1353.80 करोड़ -7844.18 करोड़
- राजस्व मद -1168.91 करोड़ -3679.86 करोड़
- पूंजीगत मद -184.88 करोड़ -4164.32 करोड़
- पूंजीगत मद की हिस्सेदारी - 13.7 प्रतिशत - 53.1 प्रतिशत
- कुल राशि में वृद्धि - लागू नहीं -6490.38 करोड़
2021 में आपदा राहत और सड़कों पर जोर
दिसंबर 2021 के अनुपूरक बजट में आपदा राहत के लिए 668.36 करोड़ रुपये रखे गए। लोक निर्माण विभाग को 150 करोड़, ग्रामीण विकास को 104.67 करोड़, सूचना विभाग को 104 करोड़ और नंदा गौरा योजना को 80 करोड़ रुपये मिले। बजट का मुख्य जोर आपदा राहत, सड़क मरम्मत और चालू योजनाओं पर था।
2026 में पढ़ाई से खेल तक के लिए बजट
अक्टूबर 2026 के अनुपूरक बजट में कुंभ-2027 की तैयारियों, गैरसैंण जलापूर्ति बांध परियोजना, अवस्थापना विकास, निकायों के लिए बजट में प्रविधान किया गया। वहीं आयुष्मान योजना, पेंशन, डिजिटल लर्निंग, मेडिकल, नर्सिंग कालेजों, खेल विश्वविद्यालय के लिए अतिरिक्त धन दिया गया है।
