देहरादून, जेएनएन। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में ड्यूटी लगाए जाने के बाद भी कार्मिक बंक मारने से बाज नहीं आ रहे हैं। स्थिति यह है कि कुल 269 कार्मिकों ने मतदान के प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिभाग ही नहीं किया। न ही किसी तरह का जवाब अपने एआरओ को दिया।

प्रेस बयान में जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी सी रविशंकर ने बताया कि मतदान के लिए आयोजित प्रशिक्षण शिविर शामिल न होने वाले कार्मिकों में पांच सेक्टर मजिस्ट्रेट भी हैं। इसके अलावा 80 पीठासीन अधिकारियों का कहीं पता नहीं है। 

इसी तरह 43 मतदान अधिकारी प्रथम, 51 मतदान अधिकारी द्वितीय, 46 मतदान अधिकारी तृतीय व 44 मतदान अधिकारी चतुर्थ प्रशिक्षण से गायब रहे। सभी नदारद कार्मिकों को तत्काल प्रभाव से नोटिस जारी कर दिए गए हैं। नोटिस का जवाब देने के लिए सभी कार्मिकों को एक सप्ताह का समय दिया गया है। यदि तय समय के भीतर कार्मिकों की ओर से संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया तो संबंधित के खिलाफ विधिक अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी। उधर, जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदान की प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए हर ब्लॉक में आइएएस व पीसीएस अधिकारियों की तैनाती प्रेक्षकों के रूप में कर दी है।  

निकाय में वोट, तब भी पंचायत में मतदान का अधिकार

यदि किसी व्यक्ति का नाम नगर निकाय के साथ ही ग्राम पंचायत की मतदाता सूची में है तो भी वह पंचायत चुनाव में अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकता है। बशर्ते चुनाव की अधिसूचना लागू होने तक उसका नाम सूची से न काटा गया हो। ऐसे ही एक मामले में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व)/निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी ने क्यारकुली भट्ठा के 30 लोगों को मतदान का अधिकार दे दिया है।

अपर जिलाधिकारी के आदेश में सहसपुर की विकास खंड अधिकारी गुलनार बानो की जांच रिपोर्ट का निस्तारण किया गया। दरअसल, विकास खंड अधिकारी को शिकायत मिली थी कि क्यारकुली भट्ठा गांव में ऐसे लोग भी हैं, जिनके नाम नगर पालिका मसूरी के साथ ही ग्राम पंचायत की मतदाता सूची में भी अंकित हैं। 

इसको लेकर की गई जांच में उन्होंने पाया कि 30 ऐसे मतदाता हैं, जिनके नाम नगर पालिका के साथ ही ग्राम पंचायत में भी दर्ज हैं। इसके बाद उन्होंने इनके नाम काटे जाने की संस्तुति की। इसको लेकर अपर जिलाधिकारी ने नगर पालिका मसूरी के अधिशासी अधिकारी से रिपोर्ट भी मांगी थी। पालिका की रिपोर्ट में कहा गया कि इन लोगों के नाम त्रुटिवश यहां की सूची में दर्ज हो गए थे और लोगों की मांग भी थी कि उनके नाम यहां से हटा कर ग्राम पंचायत की सूची में दर्ज कर दिया जाए। 

पालिका से ऐसे लोगों के नाम हटा दिए गए हैं। तमाम तथ्यों का अवलोकन करने के बाद अपर जिलाधिकारी ने पाया कि उत्तराखंड पंचायती राज अधिनियम 2016 (संशोधित 2019) की धारा 9(8) में अधिसूचना जारी होने से पहले निर्वाचन पूर्ण होने तक मतदाता सूची को यथावत रखा जाएगा। लिहाजा, मतदाता सूची में जिनके नाम हैं, उन्हें मतदान से वंचित नहीं किया जाएगा।   

पंचायत चुनाव: दूसरे चरण के लिए थमा चुनावी शोर

हरिद्वार को छोड़कर राज्य के शेष 12 जिलों में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के 11 अक्टूबर को होने वाले द्वितीय चरण मतदान के लिए बुधवार शाम से चुनावी शोर थम गया। इसके साथ ही प्रत्याशियों ने अब घर -घर संपर्क का क्रम तेज कर दिया है। द्वितीय चरण में 12094 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होना है। 

वहीं, मतदान संपन्न कराने के लिए बुधवार से पोलिंग पार्टियों की रवानगी का सिलसिला शुरू हो गया। पंचायत चुनाव के द्वितीय चरण में 11 अक्टूबर को 31 विकासखंडों की 2659 ग्राम पंचायतों में वोट डाले जाएंगे। इनमें 23054 पदों के सापेक्ष 12094 प्रत्याशी मैदान में हैं। मतदान से 48 घंटे पहले बुधवार शाम पांच बजे इन सभी विकासखंडों में चुनाव का शोर थम गया। 

साथ ही वहां राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से नियुक्त प्रेक्षकों ने भी डेरा डाल लिया है। इस बीच द्वितीय चरण का मतदान संपन्न कराने को पोलिंग पार्टियों की रवानगी शुरू हो गई। राज्य निर्वाचन आयुक्त चंद्रशेखर भट्ट के अनुसार बुधवार को एक तिहाई पोलिंग पार्टियां रवाना हुई, जो दूरस्थ क्षेत्रों की थीं। उन्होंने बताया कि शेष पार्टियां शाम तक पोलिंग बूथों पर मोर्चा संभाल लेंगी। 11 अक्टूबर को सुबह आठ बजे से मतदान शुरू होगा। 

यह भी पढ़ें: उत्तरकाशी के दो गांवों को नहीं मिल पाए ग्राम प्रधान, जानिए वजह 

तीसरे चरण को बंटे चुनाव चिह्न 

पंचायत चुनाव के 16 अक्टूबर को होने वाले तृतीय और अंतिम चरण के लिए सभी जिलों में प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न आवंटित किए गए। तृतीय चरण में 2416 ग्राम पंचायतों में वोट डाले जाएंगे। तृतीय चरण में 21391 पदों के सापेक्ष 11167 प्रत्याशी मैदान में हैं।

यह भी पढ़ें: पंचायत चुनाव प्रचार ने पकड़ा जोर, घर-घर घूमकर वोट मांग रहे प्रत्याशी Dehradun News

Posted By: Bhanu

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप