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36 हजार करोड़ का Ganga Expressway बना 'स्वीमिंग पूल', भरा 3 फीट पानी; Video Viral, यूजर्स बोले- सड़कमार्ग या जलमार्ग?

Published: Sat, 26 Sep 2026 07:56 PM (IST)

उन्नाव में गंगा एक्सप्रेसवे के सोनिक और बशीरतगंज टोल प्लाजा पर तीन फीट पानी भर गया है, जिससे छोटे वाहनों ...और पढ़ें

दही क्षेत्र में सोनिका मोड़ के पास गंगा एक्सप्रेसवे से उतरने वाले टोल पर भरा वर्षा का पानी । जागरण

दही क्षेत्र में सोनिका मोड़ के पास गंगा एक्सप्रेसवे से उतरने वाले टोल पर भरा वर्षा का पानी । जागरण

HighLights

  1. सोनिक और बशीरतगंज टोल प्लाजा पर तीन फीट पानी भरा

  2. सर्विस रोड भी जलमग्न होने से छोटे वाहनों की आवाजाही रुकी

  3. पिछले साल की समस्या के बावजूद स्थायी समाधान नहीं हुआ

संवाद सूत्र, बिछिया(उन्नाव)। गंगा एक्सप्रेसवे पर दही क्षेत्र में शनिवार को सोनिक और बशीरतगंज टोल प्लाजा पर तीन फीट गहरा पानी भर गया। जलभराव गंगा एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड पर भी भर गया। लगभग आधा किमी तक भरे पानी के कारण यहां से छोटे वाहनों का आवागमन लगभग बंद हो गया। वहीं भारी वाहन चालक भी रोजाना की तरह दो दिन से कम निकल रहे हैं। सर्विस लेन में पानी भरने के कारण बशीरतगंज जाने का मार्ग भी अवरुद्ध हो गया। जिससे स्थानीय लोग मार्केट तक नहीं पहुंच पा रहे हैं।

पिछले वर्ष की बारिश में भी ऐसी ही स्थिति उत्पन्न हुई थी, तब 15 दिनों तक ट्रैक्टर और ट्यूबवेल की मदद से पानी निकाला गया था, जिसमें तीन लाख से अधिक खर्च आया था। बावजूद कार्यदाई संस्था पटेल इंफ्रास्ट्रक्चर ने इस समस्या को गंभीरता से नहीं लिया। जिसके परिणामस्वरूप यह स्थिति फिर से सामने आई है।

विशेषज्ञों का कहना है कि यदि 50 मीटर लंबी व पांच फीट ऊंची कंक्रीट की दीवार बनाई जाती, तो यह समस्या स्थायी रूप से समाप्त हो सकती थी। लेकिन समस्या को नजरंदाज करने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। जिससे वर्षा के दौरान यह समस्या बार-बार सामने आती रहेगी। अडाणी ग्रुप के अधिकारी संजीव तिवारी ने बताया कि पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन अधिक बारिश होने पर क्या किया जाए। यह एक चुनौती है। इस स्थिति ने स्थानीय लोगों को गंभीर परेशानियों में डाल दिया है, और समाधान की आवश्यकता है।

उन्नाव में गंगा एक्सप्रेसवे

जनपद में 105 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे क्षेत्र के निर्माण और भूमि अधिग्रहण पर लगभग 6,400 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। जिसमें लगभग 625 करोड़ रुपये 1354 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण पर खर्च किए गए हैं। जिले की सभी 6 तहसीलों और 76 गांवों से होकर गुजरा है। वहीं मेरठ से प्रयागराज तक पूरे 594 किमी लंबे गंगा एक्सप्रेसवे की कुल अनुमानित लागत लगभग 36,000 से 36,500 करोड़ रुपये है।्र

 

अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर किया शेयर

सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने टोल प्लाजा व सर्विस लेन पर भरे पानी की वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए लिखा है कि गंगा एक्सप्रेसवे पर बह रहीं भाजपाई भ्रष्टाचार की नदियां। नाम बदलने वालों के लिए सुनहरा अवसर, नया नाम रख दें : गंगा एक्सप्रेस वाटर वे, नीर-निंदनीय।

 

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