संभल 100 करोड़ बीमा घोटाले में बड़ा फैसला: आरोपितों की कुर्क संपत्ति बहाल, कोर्ट ने दिए मुक्ति के आदेश
संभल के 100 करोड़ के फर्जी बीमा क्लेम घोटाले में बड़ा उलटफेर हुआ है। न्यायालय ने तीन आरोपितों की 11.89 ...और पढ़ें

बीमा घोटाला में गिरफ्तार आरोपित और पुलिस की फाइल फोटो। जागरण
HighLights
100 करोड़ बीमा घोटाले में कुर्की आदेश निरस्त।
तीन आरोपितों की 11.89 करोड़ की संपत्ति बहाल।
अपराध से संबंध के पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिले।
संवाद सहयोगी, बहजोई (संभल)। करीब 100 करोड़ रुपये के चर्चित फर्जी बीमा क्लेम घोटाले में बड़ा उलटफेर सामने आया है। तीनों आरोपितों की संपत्ति के कुर्की आदेश को न्यायालय ने निरस्त कर दिया है। वाहन और मकान को मुक्त करने के आदेश दिए गए हैं।
गैंगस्टर एक्ट के तहत डीएम न्यायालय ने बीमा घोटाले के मुख्य आरोपित वाराणसी के ओंकारेश्वर मिश्रा उर्फ करण और बबराला के सचिन शर्मा उर्फ मोनू और उसके भाई गौरव शर्मा की करीब 11 करोड़ 89 लाख रुपये की संपत्ति कुर्क करने के आदेश दिए थे।
अपराध से अर्जित धन से संपत्ति का संबंध साबित करने के लिए पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिले
पुलिस ने जनवरी 2026 में अलग-अलग दिन पर संभल, वाराणसी और ग्रेटर नोएडा में संपत्तियों पर कार्रवाई की गई थी, जिसकी रिपोर्ट शीर्ष अधिकारियों को प्रेषित की गई और डीएम की ओर से सात मई 2026 को इसकी संस्तुति की गई। अधिवक्ता नेत्रपाल यादव ने बताया कि अब विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट एवं अपर सत्र न्यायाधीश अवधेश कुमार सिंह ने तीन सितंबर 2026 को ओंकारेश्वर की अर्जी स्वीकार करते हुए डीएम संभल के सात मई 2026 के कुर्की आदेश को निरस्त कर दिया।
ओंकारेश्वर मिश्रा समेत तीन लोगों की 11.89 करोड़ की कुर्क संपत्ति बहाल
अदालत ने वाराणसी के फुलवरिया स्थित 74.34 वर्गमीटर भूखंड पर बने निर्माणाधीन तीन मंजिला मकान और स्कार्पियो को मुक्त करने का आदेश दिया। इसके अलावा अन्य दोनों के विरुद्ध की गई कोर्ट की कार्रवाई के आदेश को भी निरस्त कर दिया। न्यायालय ने माना कि संपत्ति को अपराध से अर्जित धन से जोड़ने के लिए पर्याप्त साक्ष्य नहीं हैं।
आदेश में इलाहाबाद हाईकोर्ट के सुधा सिंह एवं अन्य बनाम उत्तर प्रदेश राज्य एवं अन्य मामले का हवाला देते हुए कहा गया कि केवल अपराध में संलिप्तता का आरोप संपत्ति कुर्क करने के लिए पर्याप्त नहीं है।
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कुछ इस प्रकार हुई थी कुर्क की कार्रवाई
इससे पहले 12 जनवरी को बबराला में सचिन शर्मा की करीब 9.18 करोड़ रुपये और गौरव शर्मा की करीब 1.44 करोड़ रुपये की संपत्ति पर कार्रवाई हुई थी। इनमें मकान, ट्रैक्टर एजेंसी और भूखंड शामिल बताए गए थे। ओंकारेश्वर की करीब 1.26 करोड़ रुपये की संपत्ति 19 जनवरी को वाराणसी में कुर्क की गई थी, जबकि 21 जनवरी को ग्रेटर नोएडा में सचिन और गौरव की संपत्तियों पर भी कार्रवाई हुई थी।
