प्रयागराज: शास्त्री पुल के एक्सपेंशन ज्वाइंटर में दरार, चार पिलर के बेलन खिसके; 2 माह पहले 12 करोड़ से हुआ था मरम्मतीकरण
प्रयागराज के शास्त्री पुल के एक्सपेंशन ज्वाइंटर में दरार आ गई है और चार पिलर के बेलन खिसक गए हैं, ...और पढ़ें

प्रयागराज के शास्त्री पुल में ज्वाइंटर की दरार ठीक करता श्रमिक। जागरण
HighLights
पूर्वांचल के जिलों को जोड़ने वाला अहम पुल है
भारी वाहनों के आवागमन से फिर आई खामी
लोनिवि ने शुरू कराया मरम्मतीकरण कार्य
वीरेंद्र द्विवेदी, प्रयागराज। गंगा पर बने शास्त्री पुल की मजबूती पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। करीब दो माह पहले 12 करोड़ रुपये की लागत से मरम्मतीकरण पूरा होने के बाद अब दारागंज से झूंसी की ओर जाने वाली लेन में पिलर नंबर 22 के एक्सपेंशन ज्वाइंटर में दरार आ गई है। इसके अलावा पिलर नंबर 45, 35, 15 और आठ के बेलन भी खिसक गए हैं।
पुल पर पांच स्थानों पर सड़क दब गई है
बेलन खिसकने से पांच स्थानों पर सड़क दब गई है। खामी सामने आने के बाद लोक निर्माण विभाग ने सोमवार से मरम्मतीकरण शुरू कराया। पुल पर प्रतिदिन 50 से 60 हजार छोटे-बड़े वाहनों का आवागमन होता है। इसमें हजारों की संख्या में ओवरलोड़ वाहन खासकर डंपर अधिक गुजरते हैं।

पूर्वांचल के जिलों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण पुल
शास्त्री पुल प्रयागराज को वाराणसी समेत पूर्वांचल के जिलों और दूसरे राज्यों से जोड़ने वाला महत्वपूर्ण पुल है। ऐसे में पुल पर बार-बार सामने आ रही तकनीकी खराबी से इसकी सेहत को लेकर चिंता बढ़ रही है। कभी बेयरिंग खराब होने तो कभी एक्सपेंशन ज्वाइंटर में दरार आने की समस्या सामने आती रहती है। 2200 मीटर फोर लेने शास्त्री पुल में 62 पिलर बनाए गए हैं।
पिलर नंबर 22 के पास जाम जैसी स्थिति बनी रही
सोमवार को पिलर नंबर 22 के एक्सपेंशन ज्वाइंटर की मरम्मत के लिए सड़क को करीब दो मीटर तक काटा गया। इसके बाद ज्वाइंटर की वेल्डिंग कराई गई। दरार वाले हिस्से को ड्रिल मशीन से काटकर साफ किया गया और उसमें माइक्रो कंक्रीट, रसायन और सीमेंट का मिश्रण भरकर मजबूत किया गया। मरम्मतीकरण के दौरान पुल पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित होने से पिलर नंबर 22 के पास जाम जैसी स्थिति बनी रही।
खिसके बेलन को ठीक करने का काम शुरू
वहीं, पिलर नंबर 45, 35, 15 और आठ के खिसके बेलन को दुरुस्त करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। करीब 20 प्रशिक्षित श्रमिकों को लगाकर जैक की मदद से बेलन को निर्धारित स्थिति में लाने की प्रक्रिया चल रही है। विभाग का प्रयास है कि काम जल्द पूरा कर यातायात सामान्य किया जाए। मरम्मतीकरण कार्य के दौरान लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता कृपाशंकर श्रीवास्तव और अवर अभियंता चंद्रशेखर ने बताया कि बड़ी खामी नहीं आई है। दरार को भर दिया गया है। यातायात व्यवस्था पर भी इसका कोई असर नहीं पड़ता है।
