गृहकर पर कितना लगा ब्याज, प्रयागराज के बकायेदारों को पता चल सकेगा, बिल के साथ डीटेल भी भेजेगा नगर निगम
प्रयागराज नगर निगम ने गृहकर बकायेदारों को मूलधन और ब्याज का अलग-अलग विवरण देते हुए बिल भेजना शुरू किया है। ...और पढ़ें

प्रयागराज नगर निगम गृहकर के बकायेदारों को बिल भेज रहा, ताकि पता चले कि कितना बकाया-ब्याज है।
HighLights
बिल में मूल गृहकर का बकाया व इस पर लगे ब्याज का अलग-अलग विवरण अंकित रहेगा
ओटीएस योजना का लाभ लेने के लिए 15 नवंबर तक ऑनलाइन आवेदन करना होगा
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। गृहकर के बकायेदार भवन स्वामियों को अब उनके बकाये की पूरी जानकारी आसानी से मिल सकेगी। नगर निगम की ओर से बकायेदारों की सुविधा के लिए एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) शुरू कर दी गई है। इसके तहत नगर निगम ने बकायेदार भवन स्वामियों के पास बिल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बिल में मूल गृहकर के बकाया और उस पर लगे ब्याज का अलग-अलग विवरण दिया जा रहा है। योजना का लाभ लेने के लिए 15 नवंबर तक आनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन करने पर योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
भवन स्वामियों को सुविधा होगी
नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, अब तक कई भवन स्वामियों को यह स्पष्ट जानकारी नहीं होती थी कि उन पर मूल गृहकर का बकाया कितना है और विलंब के कारण इसमें कितना ब्याज जुड़ गया है। ओटीएस के तहत भेजे जा रहे बिल में दोनों धनराशि को अलग-अलग दर्शाया जा रहा है। इससे भवन स्वामी अपने कुल बकाये की स्थिति समझ सकेंगे और योजना का लाभ लेने के लिए आसानी से आवेदन कर सकेंगे। बिल मिलने के बाद भवन स्वामी इसमें दर्ज मूल गृहकर और ब्याज की रकम की जांच कर सकेंगे। किसी तरह की गड़बड़ी या आपत्ति होने पर नगर निगम के संबंधित कार्यालय से संपर्क किया जा सकेगा। निगम की ओर से अधिक से अधिक बकायेदारों को योजना का लाभ दिलाने के लिए बिल वितरण और सूचना देने की प्रक्रिया को तेज की जा रही है।
ओटीएस के लाभ को ऑनलाइन आवेदन करें
नगर निगम की ओर से बकायेदारों को योजना के बारे में भी जानकारी दी जा रही है। ओटीएस का उद्देश्य लंबे समय से गृहकर जमा नहीं करने वाले भवन स्वामियों को राहत देना और नगर निगम के राजस्व की वसूली बढ़ाना है। योजना का लाभ लेने के लिए भवन स्वामियों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार ऑनलाइन आवेदन करना होगा। ओटीएस योजना का लाभ 90 हजार से अधिक भवन स्वामियों को मिलने की उम्मीद है।
क्या कहते हैं नगर निगम के अधिकारी?
नगर निगम के मुख्य कर निर्धारण अधिकारी संजय ममगई ने बताया कि एक मुश्त समाधान योजना का लाभ लोगों को आसानी से मिले और बिचौलिये उनका शोषण न कर सकें, इसके लिए प्रयास किया जा रहा है।
