Prayagraj News : 15 लाख रुपये के घोटाले को लेकर सीडीओ कार्यालय में ग्राम प्रधानों ने धरना दिया, की नारेबाजी
प्रयागराज के फूलपुर ब्लॉक की तीन ग्राम पंचायतों में 15 लाख रुपये के घोटाले को लेकर ग्राम प्रधानों ने सीडीओ ...और पढ़ें

प्रयागराज के विकास भवन स्थित सीडीओ कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे ग्राम प्रधान। जागरण
HighLights
फूलपुर के तीन ग्राम पंचायतों में घोटाले का है मामला
ग्राम प्रधानों ने सीडीओ कार्यालय पर धरना देकर की नारेबाजी।
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। गंगापार में फूलपुर ब्लाक की तीन ग्राम पंचायतों में हुए करीब 15 लाख रुपये के घोटाले के मामले ने सोमवार को तूल पकड़ लिया। डीएम की ओर से आदेश दिए जाने के बाद भी सचिव पर कार्रवाई नहीं होने से नाराज ग्राम प्रधान विकास भवन में धरने पर बैठ गए।
प्रधानों ने सीडीओ से की मुलाकात
ब्लाक क्षेत्र की तिसौरा, लिलहट और कुतुबपट्टी तीनों एक ही क्लस्टर के गांव है। अखिल भारतीय ग्राम प्रधान संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सतेंद्र त्रिपाठी की अगुवाई में तीनों गांवों के प्रशासक पहले डीएम मनीष कुमार वर्मा और उसके बाद सीडीओ हर्षिका सिंह से मिले। फिर विकास भवन में धरने पर बैठ गए और नारेबाजी करने लगे।
सचिव पर घोटाले का आरोप
ग्राम प्रधान संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष, लिलहट के प्रशासक अनिल कुमार और कुतुबपट्टी के प्रशासक कमलेश कुमार ने आरोप लगाया कि तीनों ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत अधिकारी स्मिता तृप्ति की तैनाती थी। सचिव ने तीनों ग्राम पंचायतों से करीब 14.08 लाख रुपये का फर्जी तरीके से भुगतान करा लिया।
डीएम ने सचिव के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे
घोटाला पकड़ में जाने के बाद सचिव ने शपथ पत्र देकर गलती स्वीकारी थी। एक सप्ताह में पैसा सरकारी खाते में जमा कराने की बात कही थी, लेकिन बाद में पैसा देने से इन्कार कर दिया। डीएम ने सचिव के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे, अफसरों ने सिर्फ स्थानांतरण करके मामले को दबा दिया। यही नहीं अधिकारी अब शपथ पत्र को ही फर्जी बता रहे हैं।
सचिव बोलीं- कोई शपथपत्र नहीं दिया
इस संबंध में सचिव स्मिता तृप्ति ने बताया कि उन्होंने कोई शपथ पत्र नहीं दिया है। वहीं सीडीओ का कहना है कि मामले की जांच चल रही है। सचिव को निलंबित करने के निर्देश् भी दिए गए हैं।
