विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

प्रयागराज में तेंदुआ की दहशत: 15 दिन में दो पशुओं को बनाया निवाला, महिला पर झपटा बाल-बाल बची 

By Surya Prakash Tiwari Edited By: Brijesh Srivastava
Published: Thu, 01 Oct 2026 05:45 PM (GMT+05:30)

प्रयागराज के सैदाबाद में 15 दिनों से तेंदुए का आतंक है। दो पशुओं को निवाला बनाया और एक महिला पर ...और पढ़ें

प्रयागराज में तेंदुआ का दहशत है। जागरण आर्काइव

प्रयागराज में तेंदुआ का दहशत है। जागरण आर्काइव

HighLights

  1. सैदाबाद के ऊष्मापुर सहित आसपास के दाे दर्जन गांवों में लोगों की उड़ी नींद

  2. वन विभाग की टीम ने की छानबीन, तेंदुआ को पकड़ने के लिए लगाया पिंजरा

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। गंगापार के सैदाबाद में तेंदुआ ने 15 दिन के अंदर दो पशुओं की जान ले ली। इसमें एक भैंस उसका शिकार बनी तो एक बकरे को उसने अपना निवाला बनाया। बुधवार की सुबह खेत गई एक महिला पर भी वह झपटा। जैसे-तैसे उसने अपनी जान बचाई। वन विभाग की टीम दो दिन से चक्कर लगा रही है, लेकिन पकड़ना तो दूर तेंदुआ की एक झलक भी नहीं देख सकी। गांव के एक बाग में पिंजरा लगाया गया है।

कछार में बकरी उठा ले गया तेंदुआ 

गंगा नदी के किनारे बसे ऊष्मापुर में सबसे पहले 29 सितंबर को तेंदुआ दिखा था। गांव के रहने वाले संतोष भारतीय के घर वाले कछार के पास ही बकरी चरा रहे थे। इसी लोगों की आंखों के सामने से तेंदुआ एक बकरे को उठा ले गया। शोरगुल सुनकर आए ग्रामीणों ने काफी खोजबीन की, लेकिन तेंदुआ नहीं दिखा।

ग्राम प्रधान ने तेंदुआ को टहलते देखा 

इसके बाद ग्राम प्रधान ज्ञान देवी के पति धनंजय मौर्य रात करीब आठ बजे अपने घर के पास तेंदुआ को टहलते हुए देखा। प्रधान पति ने बताया कि कुछ सेकेंड के अंदर ही तेंदुआ उनकी आंखों से ओझल हो गया। इसके बाद बुधवार की सुबह तेंदुआ ने राहुल की पत्नी स्नेहा पर हमला कर दिया। वह कछार के पास स्थित अपने खेत में घास छीलने गई थी।

वन विभाग को तेंदुआ का सुराग नहीं लगा

महिला ने जब चीखना-चिल्लाना शुरू किया तो तेंदुआ भाग गया। प्रधान पति का कहना है कि 15 दिन पहले तेंदुआ ने तेलियातारा में दरवाजे पर बंधी किसान ननकऊ की भैंस पर हमला करके घायल कर दिया था। ननकऊ ने काफी इलाज कराया, लेकिन भैंस की जान नहीं बची। वन विभाग की टीम दो दिन से गांव में भ्रमण कर रही है। लेकिन, तेंदुआ का कोई सुराग नहीं मिला है।

कई गांवों में दहशत, पकड़ने को लगाया पिंजरा

ऊष्मापुर, तेलियातारा, हरिहरपुर, बड़ौली, बद्दू का पूरा सहित आसपास के करीब दो दर्जन से अधिक गांवों में तेंदुआ को लेकर दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि एक साल से तेंदुआ इसी इलाके में घूम रहा है। हंडिया रेंजर मो. इमरान खान ने बताया कि जिस स्थान पर तेंदुआ सबसे अधिक देखा गया है, वहां पिंजरा लगाया गया है। लोगों को जागरूक और सतर्क किया जा रहा है। लगातार निगरानी की जा रही है।

यह भी पढ़ें- स्पेशल टीईटी से शिक्षामित्रों को बाहर रखना वैध, इलाहाबाद हाई कोर्ट का महत्वपूर्ण निर्णय; खारिज की याचिका

यह भी पढ़ें- स्वामी रामभद्राचार्य के विरुद्ध परिवाद प्रयागराज जिला अदालत में दाखिल, FIR दर्ज करने की मांग की गई