विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 'मन की बात' में प्रतापगढ़ के आंवला उद्योग को सराहा, महिलाओं को मिला प्रोत्साहन

By Digital Desk Edited By: Brijesh Srivastava
Published: Sun, 27 Sep 2026 02:02 PM (IST)

प्रधानमंत्री मोदी ने 'मन की बात' में प्रतापगढ़ के आंवला उद्योग और रोजगार में इसके योगदान की सराहना की। उन्होंने ...और पढ़ें

प्रधानमंत्री मोदी ने 'मन की बात' में आंवला उद्योग में प्रतापगढ़ के योगदान की चर्चा की।

प्रधानमंत्री मोदी ने 'मन की बात' में आंवला उद्योग में प्रतापगढ़ के योगदान की चर्चा की।

HighLights

  1. पीएम नरेन्द्र मोदी ने आंवला को रोजगार की दिशा में सहायक बताया

  2. प्रतापगढ़ जनपद की पहचान 'अमृत फल' से है, बढ़े रोजगार के अवसर

जागरण संवाददाता, प्रतापगढ़। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज रविवार को 'मन की बात' में आंवला उद्योग में प्रतापगढ़ के योगदान की चर्चा की। उन्होंने अपने उद्बोधन में जिस तरह से आंवला के गुणों का बखान करते हुए इसे रोजगार की दिशा में सहायक बताया, निश्चित रूप से आंवला से जुड़े लोगों का उत्साह बढ़ गया है।

आंवले से कई बीमारी का रामबाण इलाज 

प्रतापगढ़ की पहचान अमृत फल यानी आंवला से है। आंवला में मौजूद गुण शरीर की इम्युनिटी बढ़ाते हैं और साथ ही कई बीमारियों को जड़ से भी खत्म करते हैं। आंवला डायबिटीज से परेशान लोगों के लिए किसी अमृत से कम नहीं है।

1965 में राजा प्रताप बहादुर ने आंवले का पौधा रोपा था

वर्ष 1965 में राजा प्रताप बहादुर के प्रतापगढ़ सिटी स्थित किले से गोड़े के शेर बहादुर सिंह ने एक पौधा ले जाकर घर के पास लगाया था। धीरे-धीरे यह बाग का आकार लेता चला गया। जिले में इस समय कुल सात हजार 83 हेक्टेअर में आंवले के बाग हैं, जो 3,321 किसानों के पास है। हर साल 74 हजार 86 मीट्रिक टन आंवले का उत्पादन होता है।

प्रतापगढ़ के आंवले की विदेशों में भी मांग 

जनपद में 196 से अधिक आंवले के उत्पाद की इकाइयां हैं। यहां पर कैंडी, मुरब्बा, अचार, बर्फी, लड्डू, चूरन, चटनी आदि तैयार होता है। उत्पाद की डिमांड केरल, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू कश्मीर, बिहार, कोलकाता के साथही कनाडा, तंजानिया, सऊदी अरब, अमेरिका, श्रीलंका और बैंकाक जैसे देशों से भी है। यहां आपूर्ति की जा रही है।

पीएम की सराहना से सपनों को मिलेगी उड़ान

'मन की बात' में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा रविवार को प्रतापगढ़ के रानीगंज तहसील के देवगढ़ कमासिन में संचालित स्वयं सहायता समूह सावित्री बाई फुले के परिश्रम की सराहना हुई है। ओडीओपी के तहत इस स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने अमृत फल आंवला के विभिन्न उत्पाद बनाकर अपनी पहचान बनाई है।

महिलाओं की आर्थिक दशा में बदलाव आया 

सावित्री बाई फुले स्वयं सहायता समूह वर्ष 2020 में दो महिलाओं ने शुरू किया था। आज इसमें 11 महिलाओं को काम मिला है। अध्यक्ष सुषमा देवी के अनुसार इसकी शुरुआत मुरब्बा बनाने से हुई थी। अब बर्फी, लड्डू, अचार समेत कई उत्पाद बन रहे हैं और बिक रहे हैं, जिससे महिलाओं की आर्थिक दशा में काफी बदलाव आया है।

रविवार को ‘मन की बात’ में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा प्रतापगढ़ के आंवला और सावित्री फुले स्वयं सहायता समूह का उल्लेख पूरे जनपद के लिए गौरव का क्षण है। देश के कुल आंवला उत्पादन का लगभग 46 फीसद प्रतापगढ़ से आता है। प्रधानमंत्री के शब्दों से मिला यह प्रोत्साहन हमारे किसानों, महिला स्वयं सहायता समूह और आंवला उद्यमियों के लिए नए बाजारों और नई संभावनाओं को गति देगा। प्रतापगढ़ का आंवला अर्थव्यवस्था को और गति देने के लिए प्रशासन कृत संकल्पित है।
-अभिषेक पांडेय, जिलाधिकारी प्रतापगढ़।

यह भी पढ़ें- UP Roadways Bharti Mela : प्रयागराज के आठवीं पास युवाओं को बस चालक बनने का सुनहरा अवसर

यह भी पढ़ें- Indian Railways : अब कवच के बताए गति सीमा पर ही दौड़ेंगी ट्रेनें, रेलवे बोर्ड का महत्वपूर्ण फैसला