प्रतापगढ़ में चार सीटों पर अपना दल की नजर, 2027 चुनाव के लिए ब्राह्मण कार्ड की तैयारी
अपना दल (एस) 2027 विधानसभा चुनाव के लिए प्रतापगढ़ में चार सीटों पर अपनी दावेदारी मजबूत कर रहा है। पार्टी ...और पढ़ें

केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल को गौतम बुद्ध की प्रतिमा भेंट करते पार्टी के नेता प्रज्ञा सिंह। जागरण
HighLights
अपना दल (एस) 2027 चुनाव के लिए प्रतापगढ़ पर केंद्रित।
सदर, विश्वनाथगंज के साथ पट्टी, रानीगंज पर भी दांव।
पट्टी, रानीगंज में कुर्मी-ब्राह्मण समीकरण पर जोर।
जागरण संवाददाता, प्रतापगढ़! अपना दल (एस) ने 2027 विधानसभा चुनाव के लिए प्रतापगढ़ में बड़ा दांव चलने का मन बना लिया है। उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री और पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष आशीष पटेल ने शनिवार को जीआइसी मैदान में साफ कर दिया कि पार्टी का भविष्य प्रतापगढ़ से ही तय होगा।
प्रेस से बातचीत में उन्होंने कहा, 'प्रतापगढ़ से ही अपना दल ने राजनीति की शुरुआत की थी और अंत भी यहीं से होगा। कुछ लोग दल को खत्म करने की साजिश रच रहे हैं, लेकिन कार्यकर्ता जब तक मैदान में हैं ताे कोई साजिश कामयाब नहीं होगी। आशीष ने पहली बार खुलकर सीटों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रतापगढ़ सदर और विश्वनाथगंज अपना दल की विरासत हैं। इन दोनों सीटों पर तो पार्टी चुनाव लड़ेगी ही लड़ेगी।
असली सरप्राइज पट्टी और रानीगंज को लेकर है। उन्होंने कहा कि पार्टी पट्टी और रानीगंज पर भी दांव लगाने की तैयारी में है। अंदरखाने की खबर है कि इन दोनों सीटों पर अपना दल इस बार ब्राह्मण कार्ड खेलने की तैयारी में है, ताकि कुर्मी-ब्राह्मण समीकरण से विपक्षी दलों के गढ़ में सेंध लगाई जा सके।
सीट बंटवारे पर मुस्कुराहट में छिपा बड़ा संकेत
जब उनसे पूछा गया कि एनडीए में अपना दल कितनी सीटों पर लड़ेगा तो वह मुस्कुराते हुए बोले - 'ज्यादा सीट किसी को बुरी नहीं लगतीं। अभी सीटों का बंटवारा नहीं हुआ है, समय आने पर सब पता चल जाएगा।' उनकी इस मुस्कुराहट को सियासी गलियारे में भाजपा पर दबाव बढ़ाने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
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नवंबर में वाराणसी-दिसंबर में प्रयागराज में शक्ति प्रदर्शन
आशीष पटेल ने कहा कि नवंबर में वाराणसी और दिसंबर में प्रयागराज में बड़ी जनसभा कर पार्टी अपनी ताकत दिखाएगी। साफ है कि अपना दल अब सिर्फ सहयोगी की भूमिका में नहीं, बल्कि बड़े भाई की भूमिका में सौदेबाजी करना चाहता है।
