नोएडा में 18 दिन बाद दर्ज केस में भी मूल धारा नहीं लगाने पर थाना प्रभारी-विवेचक नपे, डीसीपी से मांगा स्पष्टीकरण
नोएडा में पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने फेज तीन थाना प्रभारी पुनीत सिंह और जांच अधिकारी प्रीति गुप्ता को निलंबित कर दिया है।

सांकेतिक तस्वीर। सौजन्य- AI generated
HighLights
पुलिस आयुक्त ने दो अधिकारियों को निलंबित किया
एसीपी के खिलाफ भी प्रारंभिक जांच शुरू
पूरे मामले में की एडीसीपी नोएडा करेंगी जांच
जागरण संवाददाता, नोएडा। 18 दिन बाद दर्ज महिला अपराध के मामले में एससी-एसटी और धर्म संपरिवर्तन एक्ट की धारा नहीं लगाने पर पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने संज्ञान लिया। फेज तीन थाना प्रभारी पुनीत सिंह और जांच अधिकारी प्रीति गुप्ता को बृहस्पतिवार को निलंबित कर दिया।
इतनी बड़ी चूक होने पर डीसीपी सेंट्रल नोएडा शक्ति मोहन अवस्थी से स्पष्टीकरण मांगा हैं, जबकि एसीपी उमेश यादव के खिलाफ प्रारंभिक जांच के आदेश दिए हैं। पूरे मामले की जांच दूसरे जोन की एडीसीपी नोएडा मनीषा सिंह को सौंपी हैं।
बता दें कि फेज तीन थाना क्षेत्र में एक युवती को कथित तौर पर प्रेमजाल में फंसाकर दुष्कर्म और रकम ऐंठने के मामले में हिंदू संगठन के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को थाने का घेराव किया था।
क्या है मामला?
मूल रूप से मध्यप्रदेश की रहने वाली युवती नोएडा फेज तीन थाना क्षेत्र के एक गांव में रहती है और नोएडा में नौकरी करती है। युवती की दो साल पहले इंस्टाग्राम पर विकास कुमार नाम के युवक से दोस्ती हई थी। प्रेम प्रसंग होने पर दोनों लिवइन में रहने लगे। विकास ने शादी करने का वादा कर कई आपत्तिजनक फोटो व वीडियो बना ली थी।
पिछले दिनों युवती को पता चला कि प्रेमी का विकास कुमार नहीं बल्कि मध्य प्रदेश मंदसौर का रहने वाला मोहम्मद रमीज है। युवक ने धमकाना शुरू कर दिया। फोटो व वीडियो सोश मीडिया पर वायरल करने की धमकी देता। आरोप है कि युवती से कई बार में 2.50 लाख रुपये व गहने भी ऐंठ लिए।
पिछले दिनों युवक मोबाइल बंद कर नोएडा से भाग गया। युवती ने 27 फरवरी को फेज तीन थाना पुलिस से शिकायत करने और कोई कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाते हुए हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं संग फेज तीन थाने घेराव किया था। जानकारी होने पर एसीपी मौके पर पहुंचे थे। थाना पुलिस ने आनन-फानन में यौन शोषण, धमकी व जबरन वसूली की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
15 दिन में दो बार हुआ थाना घेराव
फेज तीन थाने का 15 दिन के अंदर दो बार घेराव हो गया। यह घेराव होली से एक दिन पहले और रमजान के बीच और नवरात्र से ठीक पहले हुए, जबकि आला अधिकारी त्योहारों के बीच किसी तरह का हंगामा आदि रोकने के लिए प्रयासरत हैं। उधर, चर्चा है कि एक चौकी प्रभारी के मार्ग-दर्शन में थाना संचालित हो रहा था। इसके चलते थाने का अन्य स्टाफ भी नाराज था।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।