'बेटा फोन उठाओ, सब ठीक हो जाएगा', पिता की मिन्नतें भी काम न आईं; संभव ने सुपरनोवा बिल्डिंग से कूदकर दी जान
तलाक और कर्ज के तनाव में डूबे संभव ने नोएडा के सुपरनोवा स्पायरा से कूदकर आत्महत्या कर ली। परिजनों की ...और पढ़ें
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सुपरनोवा स्पायरा से कूदकर आत्महत्या की। जागरण
HighLights
संभव ने तलाक और कर्ज के तनाव में आत्महत्या कर ली।
परिजनों ने उसे समझाने की बहुत कोशिश की, पर वह नहीं माना।
सुपरनोवा स्पायरा में पहले भी ऐसी दुखद घटनाएं हो चुकी हैं।
मुनीश शर्मा, नोएडा। संभव बेटा फोन उठाओ और बात करो। घर वापस लौट आओ। सब ठीक हो जाएगा। फोन कॉल नहीं उठाने पर संभव के माता-पिता लगातार मैसेज कर समझा रहे थे।
शुक्रवार शाम करीब 6 बजे भी पिता ने संभव से बात की थी। वह तलाक और कर्ज की चिंता में इस कदर डूबा हुआ था कि पिता के प्रोत्साहित करने पर भी तनाव से बाहर नहीं आ पा रहा था।
3 दिन पहले निकला था घर से
परिजनों की बातों का असर इतना हुआ कि उसने शुक्रवार को फोन में आत्महत्या करने के लिए खुद को जिम्मेदार ठहराने की बात बोलते हुए वीडियाे तो बनाया, लेकिन आत्महत्या नहीं की। वह शनिवार को भी घर जाने के लिए तैयार हुआ। उसने जूते भी पहने, लेकिन फिर से वहीं ख्याल जहन में आने लगे। जिनसे पीछा छुड़ाने के लिए 3 दिन पहले घर से निकला था।
गुरुग्राम, दिल्ली व नोएडा में बिताने के बाद अस्थाई राहत तो मिली, लेकिन संभव ने स्थाई राहत पाने के लिए स्टूडियो अपार्टमेंट की बालकनी से कूदना आसान समझा। बेटे की मौत की खबर सुनकर नोएडा पहुंचे परिजन गुमशुम नजर आए।
परिजनों के माथे पर साफ झलक रहा था कि कि काश संभव तुमने बात मानी होती तो कुछ भी असंभव नहीं था। सब साथ मिलकर तुम्हारी हर परेशानी को दूर करते। तुम हम सब के बीच हंस-बोल रहे होते। परिजन शव लेकर देर शाम गुरुग्राम रवाना हो गए।
आठ मीटर तक बिखरे अंग, रेलवे ट्रैक जैसा रहा नजारा
धड़ से ऊपर का हिस्सा जमीन पर, धड़ से निचला हिस्सा पार्किंग की छत और शरीर के बीच के हिस्से दीवार से कटकर करीब आठ मीटर तक जहां-तहां फैल गए। विभत्स दृश्य किसी रेलवे ट्रैक जैसा नजर आया।
बालकनी में खड़े लोगों की चीख निकल गई। यहां तक जिसने भी शव को देखा। उसकी रूह तक कांप उठी। आए दिन सड़क दुर्घटनाओं को नजदीक से देखने वाले पुलिसकर्मियों के भी हाथ कांपते नजर आए।
सुपरनोवा स्पायरा में पहले भी हो चुके हैं हादसे
24 अगस्त 2025: सेवानिवृत्त आईआरएस अधिकारी के बेटे रवि शर्मा ने 32वीं मंजिल से कूदकर की थी आत्महत्या। शव निर्माणाधीन बेसमेंट के पास क्षत विक्षत अवस्था में मिला था।
11 जून 2023: केरल एर्नाकुलम के इंजीनियर अर्जुन अलोसियस की 35वीं मंजिल से गिरकर मौत हुई। खून से लथपथ शव मिला था।
23 जनवरी 2023: दिल्ली रानीबाग के प्रॉपर्टी कंसल्टेंट रोहित कुमार की 43वीं मंजिल से गिरकर मौत हो गई थी।
अवसादग्रस्त होने पर लें चिकित्सकीय परामर्श
मनोचिकित्सक डॉ. संजीव कुमार ने बताया कि महानगरों में रहने वाले लोग बाहरी रूप से बहुत मजबूत नजर आते हैं, लेकिन आर्थिक व पारिवारिक परेशानी सामने आने पर घबरा जाते हैं। यह समस्या लंबे समय तक रहने पर अवसाद में चले जाते हैं। वह जानकारों को जीवन समाप्त करने के संकेत भी देते हैं। तनाव से निजात नहीं मिलने पर नाकरात्मक कदम उठाते हैं। अपने आसपास स्वजन या जानकारों के अवसादग्रस्त नजर आने पर सतर्क हो जाएं। उन्हें चिकित्सकीय परामर्श दिलाएं।
