मेरठ में अब बिजली चोरों की खैर नहीं, PVVNL की IT टीम AI से पकड़ रही चोर
पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की आईटी टीम मेरठ में बिजली चोरी पकड़ने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग कर ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
PVVNL की IT टीम बिजली चोरी रोकने को AI का उपयोग कर रही
AI डेटा विश्लेषण से अधिक चोरी वाले फीडरों की पहचान कर रहा है
अब्दुल्लापुर में AI की मदद से 20 किलोवाट चोरी पकड़ी गई
जागरण संवाददाता, मेरठ। बिजली चोरी पकड़ने के लिए पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की आइटी टीम आर्टिफीशियल इंटेलीजेंस का सहारा ले रही है। आइटी टीम की संस्तुति के आधार पर शहर में पांच फीडरों पर बिजली चोरी के खिलाफ अभियान चल रहा है। अब्दुल्लापुर में की गई कार्रवाई में एक दिन में पांच घरों में मीटर को बाइपास पर कटिया लगा कर 20 किलोवाट की बिजली चोरी पकड़ी गई।
एआई ने डेटा का विश्लेषण कर सबसे अधिक बिजली चोरी के रूप में भूसामंडी, नूरनगर, अब्दुल्लापुर, विकास पुरी और विकास पुरी फीडर चिन्हित किए हैं।
शहर में चार लाख उपभोक्ता
मुख्य अभियंता रजनीकांत मिश्र ने बताया कि एआई से डेटा का विष्लेषण करना सरल हो गया। शहर में चार लाख बिजली उपभोक्ता हैं। अगर कोई उपभोक्ता दिन में बिजली का उपयोग कर रहा है और रात में उसके यहां पर बिजली की खपत शून्य है। तो ऐस कमांड देते ही वह ऐसे उपभोक्ताओं की सूची निकाल देता है। दिन में बिजली का उपयोग करने और रात में नहीं करने वाला उपभोक्ता दुकानदार या ऑफिस का ही होगा।
ऐसे में यह देखा जाता है कि कहीं वह घरेलू कनेक्शन पर ही तो बिजली का उपयोग नहीं कर रह है। इस आधार पर अब बिजली चोरी करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है। चिन्हित किए गए फीडर भी इस प्रकार आईटी टीम ने चिन्हित किए हैं। इनके खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है।