बुजुर्गों के लिए अच्छी खबर: अब दस्तावेजों में नहीं उलझेगी पेंशन, बदल गए नियम; मथुरा में 76 हजार को फायदा
मथुरा में वृद्धावस्था पेंशन के लिए आवेदन करने वाले बुजुर्गों को राहत मिली है। आयु प्रमाण पत्र के नियमों में ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
आयु प्रमाण पत्र नियमों में संशोधन से मिली राहत।
मथुरा में 8054 बुजुर्गों की पेंशन प्रक्रिया पूरी।
मतदाता पहचान पत्र, पैन कार्ड अब मान्य दस्तावेज।
जागरण संवाददाता, मथुरा। वृद्धावस्था पेंशन के लिए आवेदन करने वाले बुजुर्गों के लिए अच्छी खबर है। दस्तावेजों के पेंच में फंसे करीब 8054 आवेदनों की रुकावट दूर हो गई है। शासन द्वारा आयु प्रमाण पत्र के नियमों में संशोधन के बाद इन बुजुर्गों की पेंशन शुरू भी हो चुकी है, जबकि 795 आवेदन पेंशन की प्रक्रिया में हैं।
इस वित्तीय वर्ष में जिले से वृद्धावस्था पेंशन के करीब 1599 आवेदन किए गए थे। यह आवेदन समाज कल्याण विभाग, तहसील और ब्लाक स्तर पर जमा किए गए थे। इससे पहले 12 मार्च को जारी शासनादेश में कहा गया था कि वृद्धावस्था पेंशन में आयु के प्रमाण के लिए केवल शैक्षिक प्रमाण पत्र यानी हाईस्कूल की अंकतालिका या परिवार रजिस्टर की नकल ही मान्य होगी।
आयु प्रमाण पत्र के बिंदु पर वापस भेजे गए थे 1599 आवेदन
ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकांश बुजुर्गों के पास ये दोनों ही दस्तावेज नहीं थे। न तो वे हाईस्कूल पास थे और न ही कई जगह परिवार रजिस्टर अपडेट थे। ऐसे में भेजे गए सभी 1599 आवेदन वापस लौटा दिए गए। बुजुर्गों की परेशानी को देखते हुए समाज कल्याण विभाग ने शासन को रिपोर्ट भेजी। इसके बाद 19 मई को शासन ने नियमों में संशोधन किया।
नए संशोधन के अनुसार अब ये दस्तावेज मान्य
नए संशोधन के अनुसार अब मतदाता पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट और पैन कार्ड जैसे दस्तावेजों को भी आयु निर्धारण के लिए मान्य कर दिया गया है। इसके बाद 8054 आवेदन समाज कल्याण विभाग ने औपचारिकता पूरी कर फिर से शासन को भेजे, जबकि शेष की प्रक्रिया चल रही है।
76 हजार को मिल रहा है मथुरा में लाभ
जिला समाज कल्याण अधिकारी रेनू ने बताया कि शासनादेश में संशोधन के बाद विभाग ने सभी अटके हुए आवेदनों को दोबारा से औपचारिकताएं पूरी कर अग्रसारित कर दिया है। जिले में वर्तमान में 76 हजार बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन का लाभ मिल रहा है।
